36 घंटे में अपहृत दो वर्षीय बालिका सकुशल बरामद, झारखंड से आरोपी गिरफ्तार

सिंगरौली जिले के बैढ़न बस स्टैंड से अपहृत दो वर्षीय बालिका को पुलिस ने 36 घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया। मामले में झारखंड के लातेहार निवासी आरोपी विनोद महतो को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने विशेष एसआईटी टीम गठित कर तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज की मदद से कार्रवाई की।

May 18, 2026 - 13:58
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36 घंटे में अपहृत दो वर्षीय बालिका सकुशल बरामद, झारखंड से आरोपी गिरफ्तार

UNITED NEWS OF ASIA. आदर्श तिवारी,  सिंगरौली l मध्यप्रदेश के सिंगरौली जिले में पुलिस ने दो वर्षीय बालिका के अपहरण मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। बैढ़न बस स्टैंड से अपहृत मासूम बच्ची को पुलिस ने महज 36 घंटे के भीतर सकुशल बरामद कर लिया। इस मामले में झारखंड के लातेहार निवासी विनोद महतो को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की क्षेत्रभर में सराहना की जा रही है।

जानकारी के अनुसार घटना बैढ़न बस स्टैंड क्षेत्र की है, जहां से दो वर्षीय बालिका अचानक लापता हो गई थी। परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच शुरू की। बालिका के अपहरण की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया और पूरे मामले की निगरानी वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जाने लगी।

पुलिस अधीक्षक षियाज के.एम. के निर्देशन में मामले की जांच के लिए विशेष एसआईटी टीम गठित की गई। इस टीम में लगभग 150 पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों को लगाया गया। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से लगातार जांच आगे बढ़ाई। अलग-अलग स्थानों से मिले सुरागों के आधार पर टीम ने कई राज्यों में संपर्क स्थापित कर कार्रवाई शुरू की।

जांच के दौरान पुलिस को आरोपी की लोकेशन झारखंड में मिलने की जानकारी प्राप्त हुई। इसके बाद पुलिस टीम ने झारखंड के लातेहार क्षेत्र में दबिश दी और आरोपी विनोद महतो को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से बालिका को सकुशल बरामद कर लिया गया। पुलिस टीम बच्ची को सुरक्षित लेकर सिंगरौली पहुंची, जहां उसे उसके परिजनों को सौंप दिया गया।

मासूम बच्ची के सकुशल मिलने के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली। परिवार के लोगों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सतर्कता के लिए आभार व्यक्त किया। वहीं क्षेत्र के लोगों ने भी पुलिस की कार्यशैली की प्रशंसा की है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की विस्तृत जांच जारी है और आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अपहरण के पीछे आरोपी का मकसद क्या था और क्या इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भी भूमिका रही है।

इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर यह साबित किया है कि तकनीकी जांच, पुलिस समन्वय और त्वरित कार्रवाई के जरिए गंभीर मामलों को कम समय में सुलझाया जा सकता है। पुलिस की इस सफलता को सिंगरौली जिले में बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।