ग्रामीणों के अनुसार करमनडीह से बोड़सरा तक सड़क का निर्माण क्षेत्र के लोगों के लिए बेहद जरूरी है। खराब सड़क के कारण ग्रामीणों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ता है। गांव से आसपास के क्षेत्रों में आने-जाने वाले लोगों के लिए सड़क की स्थिति लंबे समय से चिंता का विषय बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क खराब होने से रोजमर्रा के काम के लिए आने-जाने में परेशानी होती है और बारिश के दौरान स्थिति और अधिक कठिन हो जाती है। इसी समस्या को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए पक्की सड़क निर्माण की मांग रखी है।
सड़क निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी भी देखने को मिली। उनका कहना है कि लंबे समय से मांग किए जाने के बावजूद सड़क निर्माण को लेकर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाने पर मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने कलेक्टर के समक्ष अपनी समस्या रखते हुए करमनडीह से बोड़सरा तक सड़क निर्माण की आवश्यकता बताई और जल्द से जल्द इस दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की। ग्रामीणों की ओर से सौंपे गए ज्ञापन के बाद प्रशासनिक स्तर पर मामले को लेकर बातचीत शुरू हुई।
ग्रामीणों की शिकायत और सड़क निर्माण की मांग की जानकारी मिलने के बाद अपर कलेक्टर और एसडीएम मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से चर्चा की और उनकी समस्याओं को सुना। इस दौरान सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों और प्रशासन के बीच बातचीत हुई। अधिकारियों ने ग्रामीणों को उनकी मांग पर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। मौके पर प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी से ग्रामीणों को उम्मीद है कि सड़क निर्माण की समस्या का समाधान जल्द किया जा सकेगा।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें केवल आश्वासन नहीं बल्कि सड़क निर्माण का काम शुरू होने का इंतजार है। उनका कहना है कि यदि करमनडीह से बोड़सरा तक पक्की सड़क का निर्माण कराया जाता है तो क्षेत्र के लोगों को आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी। सड़क बनने से ग्रामीणों को आसपास के क्षेत्रों तक पहुंचने में सहूलियत होगी और खराब मार्ग के कारण होने वाली परेशानियां भी कम हो सकेंगी।
सड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों और प्रशासन के बीच बातचीत जारी है। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांग जल्द पूरी नहीं होती है तो वे धरने पर बैठकर विरोध दर्ज कराएंगे। अब ग्रामीणों की मांग के बाद प्रशासन की ओर से आगे क्या कदम उठाया जाता है, इस पर सभी की नजर है। सक्ती जिले में सड़क और निर्माण कार्यों से जुड़े मामलों में प्रशासनिक स्तर पर स्वीकृति और कार्यवाही की प्रक्रियाएं भी चलती रहती हैं।
ग्रामीणों की मांग को देखते हुए अब प्रशासन के सामने सड़क की वास्तविक स्थिति का परीक्षण कर निर्माण से जुड़ी आवश्यक प्रक्रिया आगे बढ़ाने की चुनौती है। फिलहाल मौके पर पहुंचकर अधिकारियों द्वारा ग्रामीणों से बातचीत किए जाने के बाद स्थिति बातचीत और आश्वासन के दौर में है। ग्रामीणों ने उम्मीद जताई है कि लंबे समय से चली आ रही सड़क निर्माण की समस्या का जल्द स्थायी समाधान होगा और उन्हें बेहतर आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।