खुड़मुड़ा में शराब दुकान खोलने का विरोध तेज, कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना
दुर्ग जिले के अमलेश्वर नगर पालिका अंतर्गत ग्राम खुड़मुड़ा में प्रस्तावित शराब दुकान को लेकर ग्रामीणों का विरोध जारी है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने धरना स्थल पहुंचकर ग्रामीणों का समर्थन किया और प्रशासन से शराब दुकान खोलने का प्रस्ताव निरस्त करने की मांग की। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की मांग पूरी होने तक कांग्रेस उनके साथ खड़ी रहेगी।
UNITED NEWS OF ASIA. रोहितास सिंह भुवाल, दुर्ग। जिले के पाटन क्षेत्र के अंतर्गत नगर पालिका अमलेश्वर के ग्राम खुड़मुड़ा में प्रस्तावित शराब दुकान को लेकर विवाद एक बार फिर गहरा गया है। शराब दुकान खोले जाने के विरोध में ग्रामीणों का धरना और प्रदर्शन जारी है। ग्रामीणों की असहमति के बावजूद प्रशासन द्वारा दोबारा दुकान खोलने की तैयारी किए जाने से क्षेत्र में नाराजगी देखने को मिल रही है। इसी बीच जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण के अध्यक्ष राकेश ठाकुर धरना स्थल पहुंचे और आंदोलनरत ग्रामीणों को समर्थन दिया।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने ग्रामीणों के साथ खड़े होकर शराब दुकान खोले जाने के प्रयासों का विरोध किया। उनके अनुसार, ग्रामीणों के भारी विरोध और जनदबाव के चलते प्रशासन बुधवार को भी शराब दुकान खुलवाने में सफल नहीं हो पाया। उन्होंने कहा कि जब गांव के लोग स्पष्ट रूप से शराब दुकान नहीं चाहते, तो प्रशासन को उनकी आपत्तियों और भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
गौरतलब है कि खुड़मुड़ा में शराब दुकान खोलने का प्रयास पहले भी किया गया था। उस समय क्षेत्रवासियों के साथ पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, राकेश ठाकुर और अन्य जनप्रतिनिधियों ने धरना स्थल पहुंचकर विरोध जताया था। व्यापक जनविरोध के बाद उस समय प्रशासन को पीछे हटना पड़ा था। अब दोबारा शराब दुकान खोलने की तैयारी से ग्रामीणों में फिर नाराजगी बढ़ गई है। क्षेत्रवासियों का सवाल है कि जब गांव की जनता इस प्रस्ताव के खिलाफ है, तो प्रशासन बार-बार दुकान खोलने का प्रयास क्यों कर रहा है?
राकेश ठाकुर ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि एक ओर सरकार सुशासन और जनहित की बात करती है, वहीं दूसरी ओर ग्रामीणों की इच्छा के विरुद्ध शराब दुकान खोलने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार और प्रशासन को स्पष्ट करना चाहिए कि उनकी प्राथमिकता जनता का हित है या जनता के विरोध के बावजूद फैसले थोपना। ग्रामीणों की आवाज सुनने के बजाय बार-बार दुकान खोलने की तैयारी करना सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों का विरोध किसी राजनीतिक स्वार्थ से प्रेरित नहीं है। यह गांव के सामाजिक वातावरण, परिवारों के भविष्य और युवा पीढ़ी को लेकर उनकी चिंता से जुड़ा मामला है। ग्रामीणों को आशंका है कि क्षेत्र में शराब दुकान खुलने से सामाजिक समस्याएं बढ़ सकती हैं। ऐसे में प्रशासन को स्थानीय लोगों की बात सुनकर उनकी आपत्तियों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
राकेश ठाकुर ने कहा कि जनता की आवाज को दबाकर या प्रशासनिक दबाव बनाकर विरोध समाप्त नहीं किया जा सकता। यदि खुड़मुड़ा के लोग शराब दुकान नहीं चाहते, तो सरकार को उनकी मांग पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। उन्होंने प्रशासन से प्रस्तावित शराब दुकान को तत्काल निरस्त करने और ग्रामीणों को स्पष्ट आश्वासन देने की मांग की।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि ग्रामीणों की मांग पर उचित निर्णय होने तक कांग्रेस उनके साथ खड़ी रहेगी। पार्टी इस मुद्दे को लोकतांत्रिक तरीके से उठाती रहेगी और ग्रामीणों के हितों की रक्षा के लिए हर मंच पर आवाज बुलंद करेगी।
धरना स्थल पर महेंद्र साहू, ओमप्रकाश साहू, गिरधर साहू, डोमन यादव, धर्मेंद्र साहू, घनश्याम साहू, अमृत राजपूत, संदीप निर्मलकर, घनश्याम यादव, ओंकार घिंघोडे सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। फिलहाल खुड़मुड़ा में शराब दुकान को लेकर ग्रामीणों का विरोध जारी है। अब देखना होगा कि प्रशासन और सरकार ग्रामीणों की आपत्तियों पर क्या निर्णय लेते हैं।