घुरावड़ स्कूल में प्राचार्य के खिलाफ छात्रों का आक्रोश, ग्रामसभा में पहुंचे विद्यार्थी; हटाने की उठी मांग
धमतरी जिले के नगरी विकासखंड के ग्राम घुरावड़ स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में प्राचार्य की कार्यप्रणाली को लेकर विवाद सामने आया है। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने ग्रामसभा में पहुंचकर प्राचार्य पर समय पर स्कूल नहीं आने, शराब के नशे में विद्यालय पहुंचने और शैक्षणिक माहौल प्रभावित करने सहित कई आरोप लगाए। ग्रामीणों ने वर्षों से शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर नाराजगी जताई है। जिला शिक्षा अधिकारी के अनुसार मामले की जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।
UNITED NEWS OF ASIA. रिजवान मेमन, धमतरी l धमतरी जिले के नगरी विकासखंड के अंतिम छोर पर स्थित ग्राम पंचायत घुरावड़ के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में प्राचार्य की कार्यप्रणाली को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। प्राचार्य को पद से हटाने की मांग को लेकर बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं ग्रामसभा में पहुंच गए। विद्यार्थियों ने अपनी समस्याएं रखते हुए प्राचार्य के खिलाफ नाराजगी जाहिर की। उन्होंने समय पर विद्यालय नहीं पहुंचने, शराब के नशे में स्कूल आने और शैक्षणिक वातावरण प्रभावित होने सहित कई गंभीर आरोप लगाए हैं। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
ग्रामसभा में विद्यार्थियों ने बताई अपनी समस्याएं
ग्रामसभा में विद्यार्थियों और शाला नायक ने बताया कि प्राचार्य के विद्यालय आने-जाने का कोई निर्धारित समय नहीं है। छात्रों ने आरोप लगाया कि प्राचार्य शराब के नशे में स्कूल पहुंचते हैं। इसके अलावा विद्यालय परिसर में शराब पीने से संबंधित वीडियो सामने आने की बात भी कही गई। विद्यार्थियों ने यह आरोप भी लगाया कि प्राचार्य के पुत्र द्वारा फोन के माध्यम से उन्हें धमकी दी गई है।
छात्र-छात्राओं का कहना है कि इस संबंध में पहले भी कई बार शिकायतें की गई हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उनका आरोप है कि लगातार बनी ऐसी परिस्थितियों से पढ़ाई प्रभावित हो रही है और विद्यालय का शैक्षणिक माहौल खराब हो रहा है। विद्यार्थियों ने प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
सरपंच ने कहा, वर्षों से मिल रही हैं शिकायतें
ग्राम पंचायत के सरपंच महेश ने बताया कि प्राचार्य की कार्यप्रणाली को लेकर छात्र-छात्राएं पहले भी शिकायत कर चुके हैं। इस मामले से कलेक्टर और संबंधित उच्च अधिकारियों को भी अवगत कराया गया है। उन्होंने कहा कि पिछले कई वर्षों से शिकायतें सामने आने के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है। विद्यार्थियों के भविष्य को देखते हुए अब ग्रामीण आंदोलन करने की तैयारी में हैं।
जनपद सदस्य ने निष्पक्ष जांच की मांग की
जनपद सदस्य मौसमी मंडावी ने कहा कि वे कई बार विद्यालय का निरीक्षण करने पहुंची हैं, लेकिन निरीक्षण के दौरान संबंधित प्राचार्य को विद्यार्थियों को पढ़ाते हुए नहीं देखा। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। उनका कहना है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित प्राचार्य के विरुद्ध उचित कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो।
ग्रामसभा ने उच्च अधिकारियों को अवगत कराने का लिया निर्णय
ग्रामसभा अध्यक्ष ने कहा कि प्राचार्य के खिलाफ लगातार शिकायतें मिल रही हैं। ग्राम पंचायत ग्रामीणों के साथ मिलकर इस मामले में उचित पहल करेगी और विद्यार्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए उच्च अधिकारियों तक पूरे मामले को पहुंचाया जाएगा। बैठक में जनपद सदस्य मंगल राम नेताम, ग्रामसभा अध्यक्ष महेश राम नेताम, सरपंच तिलक राम नेताम, उपसरपंच बृजलाल नेताम, पंचों और बड़ी संख्या में ग्रामीणों की उपस्थिति रही।
शिक्षा विभाग की जांच पर टिकी निगाहें
मामले में जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि जांच अभी जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही उचित कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में अब विद्यार्थियों और ग्रामीणों की निगाहें शिक्षा विभाग की जांच पर टिकी हैं। सवाल यह है कि लंबे समय से मिल रही शिकायतों की जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और विद्यार्थियों की मांग पर प्रशासन क्या कदम उठाता है। फिलहाल घुरावड़ विद्यालय का मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।