लखपति महिला पहल की राज्य स्तरीय स्टीयरिंग समिति की तृतीय बैठक मंगलवार को नवा रायपुर स्थित महानदी भवन में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के सचिव भीम सिंह ने की। बैठक में राज्य के 27 विभागों के अधिकारी शामिल हुए। छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ के मिशन संचालक अश्वनी देवांगन ने पहल के तहत प्रदेश में संचालित गतिविधियों और अब तक हासिल प्रगति की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
बैठक में ग्रामीण महिलाओं की आय में वृद्धि के लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर अभिसरण और समन्वय पर विस्तार से चर्चा की गई। स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को आर्थिक गतिविधियों, स्वरोजगार और स्थायी आजीविका के साधनों से जोड़ने के प्रयासों को और प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही महिलाओं की वार्षिक आय में निरंतर वृद्धि सुनिश्चित करने के लिए विभागीय योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर भी विचार-विमर्श हुआ।
लखपति महिला पहल का प्रमुख उद्देश्य ग्रामीण स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जोड़कर उनकी आय में लगातार वृद्धि करना है। इसके माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है। अलग-अलग आर्थिक गतिविधियों और स्वरोजगार के अवसरों से जोड़कर महिलाओं के लिए स्थायी आय के साधन विकसित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
बैठक में अधिकारियों ने इस बात पर भी चर्चा की कि विभिन्न विभागों की योजनाओं और संसाधनों का प्रभावी समन्वय कर ग्रामीण महिलाओं को अधिक से अधिक आर्थिक अवसर उपलब्ध कराए जाएं। महिलाओं की मौजूदा आजीविका गतिविधियों को मजबूत करने के साथ नए क्षेत्रों में रोजगार और स्वरोजगार की संभावनाएं विकसित करने पर भी जोर दिया गया।
प्रदेश में 13.96 लाख महिलाओं का लखपति दीदी की श्रेणी में पहुंचना निर्धारित लक्ष्य की तुलना में उल्लेखनीय उपलब्धि के रूप में सामने आया है। अधिकारियों ने आगे भी महिलाओं की आय में वृद्धि, आजीविका के विस्तार और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वित प्रयास जारी रखने की आवश्यकता बताई।
बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग तथा छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। समिति की बैठक में लखपति महिला पहल की प्रगति की समीक्षा के साथ महिलाओं को स्थायी और बेहतर आय के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में आगे की कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई।