बेमेतरा में क्रांतिवीर बलिदानी राजागुरु बालकदास जयंती पर भव्य शोभायात्रा, पंथी की धुन पर झूमे लोग
बेमेतरा में परम पूज्य गुरु घासीदास बाबा के द्वितीय सुपुत्र क्रांतिवीर बलिदानी राजागुरु बालकदास साहेब की जयंती के अवसर पर जिला सतनामी समाज के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। कोबिया चौक से शुरू हुई यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए मोहभट्ठा रोड स्थित जोड़ा जैतखाम के पास संपन्न हुई। पंथी नृत्य, सतनाम अखाड़ा और आकर्षक झांकियां मुख्य आकर्षण रहीं। आयोजन के दौरान सामाजिक एकता, भाईचारे और मानव-मानव एक समान का संदेश दिया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. अरुण पुरेना, बेमेतरा l बेमेतरा में परम पूज्य गुरु घासीदास बाबा के द्वितीय सुपुत्र क्रांतिवीर बलिदानी राजागुरु बालकदास साहेब की जयंती के अवसर पर जिला सतनामी समाज के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में जिलेभर से बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए। आयोजन के माध्यम से राजागुरु बालकदास साहेब के त्याग, संघर्ष, साहस, सामाजिक चेतना और भाईचारे के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश दिया गया।
शोभायात्रा की शुरुआत कोबिया चौक से हुई। इसके बाद यह नगर के प्रमुख चौक-चौराहों और मार्गों से होकर मोहभट्ठा रोड स्थित जोड़ा जैतखाम के पास पहुंची, जहां शोभायात्रा का समापन किया गया। यात्रा के दौरान पूरे मार्ग में उत्साह और धार्मिक-सामाजिक वातावरण देखने को मिला।
शोभायात्रा में पंथी नृत्य, सतनाम अखाड़ा और आकर्षक झांकियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। डीजे और धुमाल की धुन के बीच समाज के युवा पंथी की धुन पर झूमते नजर आए। पारंपरिक प्रस्तुतियों और झांकियों के जरिए समाज की संस्कृति, इतिहास और महापुरुषों के विचारों को प्रदर्शित किया गया।
आयोजन से पहले 16 जुलाई को नवागढ़ स्थित सतनाम भवन में विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन भी किया गया था। इस शिविर में समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और कुल 135 यूनिट रक्तदान किया। रक्तदान शिविर के माध्यम से मानव-मानव एक समान का संदेश दिया गया और सामाजिक सेवा के प्रति लोगों को जागरूक किया गया।
जयंती समारोह और शोभायात्रा के जरिए राजागुरु बालकदास साहेब के सामाजिक योगदान और उनके विचारों को याद किया गया। आयोजकों ने कहा कि उनके त्याग, संघर्ष और सामाजिक चेतना से प्रेरणा लेकर समाज में भाईचारा, समानता और एकता की भावना को मजबूत करने की जरूरत है।
कार्यक्रम में जिलेभर से हजारों की संख्या में समाज के लोग शामिल हुए। शोभायात्रा के दौरान लोगों ने उत्साह के साथ भाग लिया और सामाजिक एकता का संदेश दिया। आयोजन को सफल बनाने में समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों की सहभागिता रही।
आयोजकों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग के लिए समाज के लोगों के साथ पुलिस और प्रशासन का भी आभार जताया। शोभायात्रा के दौरान व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन की मौजूदगी रही। जयंती समारोह ने सामाजिक एकजुटता, सांस्कृतिक परंपरा और सेवा भावना का संदेश लोगों तक पहुंचाया।