मोबाइल टावर लगाने का झांसा देकर बुजुर्ग दंपत्ति से लूट, 7 आरोपी चिन्हित, 5 गिरफ्तार

बालाघाट जिले के लांजी थाना क्षेत्र में मोबाइल टावर लगाने का झांसा देकर बुजुर्ग दंपत्ति से लूट की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। सात आरोपियों की पहचान की गई, जिनमें से पांच को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो आरोपी फरार हैं। पुलिस ने लूटे गए जेवर, नकदी और वारदात में प्रयुक्त स्कूटी भी बरामद की है।

Aug 7, 2026 - 13:16
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मोबाइल टावर लगाने का झांसा देकर बुजुर्ग दंपत्ति से लूट, 7 आरोपी चिन्हित, 5 गिरफ्तार

UNITED NEWS OF ASIA. सायमा नाज, बालाघाट l मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले की लांजी थाना पुलिस ने मोबाइल टावर लगाने का झांसा देकर बुजुर्ग दंपत्ति से लूट की सनसनीखेज वारदात का सफल खुलासा किया है। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से इस मामले में सात आरोपियों की पहचान की है। इनमें से पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो आरोपी अभी भी फरार हैं। उनकी तलाश के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है।

पुलिस के अनुसार ग्राम कुल्पा निवासी शत्रुधन लिल्हारे ने शिकायत दर्ज कराई थी कि 25 जुलाई 2026 को दोपहर करीब एक बजे चार युवक मोबाइल टावर लगाने के लिए जमीन देखने के बहाने उनके घर पहुंचे। आरोपियों ने आधार कार्ड और बैंक पासबुक देखने के नाम पर बुजुर्ग दंपत्ति का विश्वास जीता और कागजी कार्रवाई का बहाना बनाकर घर के भीतर प्रवेश कर गए। इसके बाद आरोपियों ने हथियारों के बल पर दंपत्ति को बंधक बना लिया, उनके साथ मारपीट की और घर में रखे सोने-चांदी के आभूषण, 50 हजार रुपये नकद, मोबाइल फोन, आधार कार्ड तथा बैंक पासबुक लूटकर फरार हो गए।

घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा के निर्देश पर विशेष जांच टीम का गठन किया गया। इस टीम ने महाराष्ट्र के गोंदिया जिले की आमगांव पुलिस के सहयोग से जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल से लेकर कुल्पा-आमगांव मार्ग तक लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, तकनीकी साक्ष्य जुटाए और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। जांच के दौरान मिले महत्वपूर्ण सुरागों के आधार पर आमगांव निवासी नितेश शेण्डे से पूछताछ की गई, जिसके बाद पुलिस अन्य आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।

पूछताछ में राजेश भोयर ने धीरज फुण्डे, हेमंत फुण्डे, दीपक दास, शिवकुमार दास, रिंकू पासवान और विनोद पासवान के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार की। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि मुख्य आरोपी धीरज फुण्डे, हेमंत फुण्डे और राजेश भोयर ने घटना से पहले दो बार टावर लगाने के बहाने बुजुर्ग दंपत्ति के घर की रेकी की थी। योजना तैयार होने के बाद अन्य साथियों को बुलाकर वारदात को अंजाम दिया गया और लूट का सामान आपस में बांट लिया गया।

पुलिस ने राजेश भोयर, दीपक दास और शिवकुमार दास को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं धीरज फुण्डे और हेमंत फुण्डे पहले से महाराष्ट्र के आमगांव थाना पुलिस की गिरफ्त में हैं। फरार आरोपी रिंकू पासवान और विनोद पासवान की तलाश जारी है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त स्कूटी, चांदी की करधनी, तीन चांदी के कड़े, सोने की दो जोड़ी बालियां, सोने का पेंडल तथा 50 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं। बरामद सामान की अनुमानित कीमत करीब 3.75 लाख रुपये बताई गई है।

पुलिस जांच में कुछ आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड भी सामने आया है। फरार आरोपी विनोद पासवान के खिलाफ झारखंड और बिहार में हत्या के प्रयास, रंगदारी, मारपीट और अन्य गंभीर मामलों के प्रकरण दर्ज हैं। वहीं धीरज फुण्डे और हेमंत फुण्डे के खिलाफ भी विभिन्न राज्यों में आपराधिक मामले दर्ज बताए गए हैं। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की तलाश जारी है तथा विवेचना के दौरान आवश्यकतानुसार भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की अन्य उपयुक्त धाराएं भी जोड़ी गई हैं।