बिजली विभाग आम जनता से कर रहा सौतेला व्यवहार, पूंजीपतियों और सरकारी विभागों को मिल रही छूट: सुरेश कवासी
आम आदमी पार्टी सुकमा के जिला अध्यक्ष सुरेश कवासी ने साय सरकार और बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि सरप्लस बिजली उत्पादन वाले राज्य में आम जनता के कनेक्शन काटे जा रहे हैं, जबकि पूंजीपतियों और सरकारी विभागों पर करोड़ों का बकाया होने के बावजूद उन्हें राहत दी जा रही है। साथ ही टेंडर प्रक्रिया में बदलाव कर ठेकेदारों को लाभ पहुंचाने का आरोप भी लगाया गया है।
UNITED NEWS OF ASIA .सुकमा जिले में आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष सुरेश कवासी ने बिजली विभाग और राज्य की साय सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया है कि सरकार आम जनता के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता द्वारा चुनी गई सरकार का नैतिक दायित्व होता है कि वह नागरिकों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराए, लेकिन छत्तीसगढ़ जैसे सरप्लस बिजली उत्पादन वाले राज्य में भी आम लोगों के बिजली कनेक्शन काटे जा रहे हैं, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
सुरेश कवासी ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं की स्थिति से प्रदेश की जनता पहले से ही परिचित है, लेकिन अब बिजली जैसे आवश्यक संसाधन को भी सरकार ने आम जनता से दूर करना शुरू कर दिया है। स्मार्ट मीटर (प्रीपेड मीटर) के माध्यम से गरीब और मध्यम वर्ग के उपभोक्ताओं की बिजली काटी जा रही है, जबकि पूंजीपतियों और सरकारी विभागों पर करोड़ों रुपये का बकाया होने के बावजूद उनकी बिजली आपूर्ति निर्बाध जारी है।
उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग वर्षों से आपातकालीन कार्यों और नए कनेक्शन से जुड़े टेंडरों की प्रक्रिया में अचानक बदलाव कर रहा है। निविदाओं में अव्यवहारिक और जटिल नियम लागू किए गए हैं और दरें भी विभाग स्वयं तय कर रहा है। पहले जहां ऑनलाइन टेंडरों में -25 से -30 प्रतिशत तक की दरों पर कार्य होते थे, अब उन्हें -5 प्रतिशत तक सीमित कर दिया गया है। इससे गिनती के ठेकेदारों को लाभ पहुंचाया जा रहा है और विभाग को आर्थिक नुकसान हो रहा है।
कवासी ने यह भी कहा कि बिजली विभाग 5767 पूंजीपतियों से करीब 119 करोड़ रुपये और 34 सरकारी विभागों से लगभग 3100 करोड़ रुपये का वर्षों पुराना बकाया वसूलने में असफल रहा है। इसके विपरीत, गरीब उपभोक्ताओं के कुछ सैकड़ों रुपये के बकाया पर बिना पर्याप्त समय दिए उनके कनेक्शन काटे जा रहे हैं, जिससे वे अंधेरे में रहने को मजबूर हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली कंपनी खुद को घाटे में बताकर जनता को मिलने वाली सब्सिडी खत्म कर रही है, जबकि घाटे के लिए उसकी अपनी लापरवाही जिम्मेदार है। अंत में सुरेश कवासी ने चेतावनी दी कि यदि जनविरोधी फैसले और ठेकेदारों को फायदा पहुंचाने वाली टेंडर प्रक्रिया को वापस नहीं लिया गया, तो आम आदमी पार्टी सुकमा जिले में बड़ा आंदोलन करेगी।