पुलिस महानिरीक्षक ने एक वर्ष से अधिक समय से लंबित अपराधों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण तरीके से निराकृत करने के निर्देश दिए। उन्होंने गंभीर अपराधों में त्वरित एवं निष्पक्ष विवेचना, आरोपियों के विरुद्ध प्रभावी वैधानिक कार्रवाई तथा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी पर विशेष जोर दिया। साथ ही पुलिस अधिकारियों को लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करते हुए विवेचना की गुणवत्ता और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
NDPS Act से जुड़े मामलों की समीक्षा के दौरान नशीले पदार्थों की तस्करी और अवैध वितरण से जुड़े नेटवर्क पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। पुलिस महानिरीक्षक ने ऐसे मामलों की नियमित मॉनिटरिंग करने तथा विवेचना और वैधानिक कार्रवाई में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने पर जोर दिया। इसके अलावा न्यायालय में विचाराधीन महत्वपूर्ण प्रकरणों की नियमित समीक्षा, अभियोजन की स्थिति, गवाहों की उपस्थिति और न्यायालयीन कार्यवाही की निगरानी करने के निर्देश भी दिए गए।
अपराध समीक्षा बैठक के साथ जिले के पुलिस शाखा प्रभारियों और थाना प्रभारियों के लिए विशेष लीडरशिप एवं कार्यक्षमता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान पुलिस अधिकारियों को प्रभावी नेतृत्व, टीम मैनेजमेंट, निर्णय क्षमता और व्यक्तिगत तथा संस्थागत कार्यक्षमता का बेहतर उपयोग करने के व्यावहारिक तरीके बताए गए। अधिकारियों को अपनी टीम की क्षमता पहचानने, स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने, बेहतर समन्वय स्थापित करने और उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए बेहतर परिणाम प्राप्त करने के संबंध में मार्गदर्शन दिया गया।
पुलिस महानिरीक्षक ने कहा कि प्रभावी पुलिसिंग केवल अपराधियों के विरुद्ध कार्रवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके लिए सक्षम नेतृत्व, सतत पर्यवेक्षण, जवाबदेही और प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी की कार्यक्षमता का अधिकतम उपयोग जरूरी है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को आमजन के साथ शालीन और संवेदनशील व्यवहार रखने तथा उनकी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में अवैध शराब, जुआ-सट्टा, नशीले पदार्थों के कारोबार और अन्य अवैधानिक गतिविधियों के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। असामाजिक तत्वों पर निगरानी रखते हुए आवश्यकता के अनुसार प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करने पर भी जोर दिया गया।
आगामी त्यौहारों को देखते हुए जिले में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए संवेदनशील तथा भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, लगातार पेट्रोलिंग और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के निर्देश दिए गए। पुलिस अधिकारियों को संभावित परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने के लिए आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक के दौरान आधुनिक पुलिसिंग और तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग पर भी जोर दिया गया। साइबर अपराधों की रोकथाम तथा आम नागरिकों को ऑनलाइन ठगी और अन्य साइबर अपराधों से बचाने के लिए साइबर जागरूकता अभियान को और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए।
पुलिस महानिरीक्षक ने जिले में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था के लिए किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को प्रभावी नेतृत्व, गुणवत्तापूर्ण विवेचना, नियमित पर्यवेक्षण, त्वरित कार्रवाई और जनविश्वास को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। धमतरी पुलिस ने वरिष्ठ अधिकारियों से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुरूप आमजन की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी कार्रवाई लगातार जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।