कोहका चौक में चला बुलडोजर, अवैध गुमटियां और ठेले हटाए गए

तिल्दा-नेवरा क्षेत्र के कोहका चौक में प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सड़क किनारे लगी गुमटियों और ठेलों को हटाया। कार्रवाई प्रस्तावित शहीद स्मारक के लिए स्थल को अतिक्रमणमुक्त कराने की प्रक्रिया के तहत की गई। स्थानीय स्तर पर यातायात और वैकल्पिक व्यवस्था को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है।

Sep 18, 2026 - 15:32
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कोहका चौक में चला बुलडोजर, अवैध गुमटियां और ठेले हटाए गए

UNITED NEWS OF ASIA. अशोक मिश्रा, तिल्दा-नेवरा l तिल्दा-नेवरा क्षेत्र के कोहका चौक में गुरुवार को प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करते हुए सड़क किनारे संचालित हो रही गुमटियों और ठेलों को हटाया। कार्रवाई के दौरान प्रशासनिक अमला मौके पर मौजूद रहा और मशीनों की मदद से अस्थायी संरचनाओं को हटाया गया। बुलडोजर कार्रवाई के चलते कुछ समय के लिए चौक और आसपास के क्षेत्र में हलचल की स्थिति बनी रही। कार्रवाई पूरी होने के बाद सड़क किनारे का हिस्सा पहले की तुलना में अधिक खुला नजर आया।

बताया जा रहा है कि कोहका चौक में शहीद स्मारक के निर्माण का प्रस्ताव है। प्रस्तावित स्मारक के लिए चिन्हित स्थल को अतिक्रमणमुक्त कराने की प्रक्रिया के तहत प्रशासन की ओर से यह कार्रवाई की गई। लंबे समय से सड़क किनारे गुमटियां और ठेले संचालित होने की बात सामने आती रही थी। इनके कारण चौक के आसपास यातायात और आम लोगों के आवागमन में परेशानी की शिकायतें भी स्थानीय स्तर पर उठती रही हैं। प्रशासन की कार्रवाई के बाद अब स्मारक निर्माण के लिए स्थल को तैयार करने की दिशा में प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद है।

अतिक्रमण हटाने के दौरान प्रशासनिक टीम ने सड़क किनारे मौजूद अस्थायी ढांचों को मशीनों की सहायता से हटाया। कार्रवाई के बाद चौक के आसपास उपलब्ध स्थान बढ़ गया और आवागमन के लिए सड़क किनारे का क्षेत्र अपेक्षाकृत साफ दिखाई दिया। प्रशासन की ओर से की गई इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य प्रस्तावित निर्माण स्थल को खाली कराना बताया जा रहा है। साथ ही सड़क किनारे अव्यवस्थित तरीके से लगाए गए ठेलों और गुमटियों के कारण प्रभावित हो रहे यातायात को व्यवस्थित करने की दिशा में भी इसे एक कदम माना जा रहा है।

स्थानीय लोगों के बीच प्रस्तावित शहीद स्मारक को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोगों का कहना है कि स्मारक बनने से कोहका चौक को नई पहचान मिलेगी और क्षेत्र के शहीदों की स्मृति को सम्मान देने के लिए एक स्थायी स्थान उपलब्ध होगा। स्मारक के निर्माण से क्षेत्र के सौंदर्यीकरण और व्यवस्थित विकास को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद स्थानीय लोगों द्वारा जताई जा रही है।

वहीं, जिन लोगों की गुमटियां और ठेले कार्रवाई में हटाए गए हैं, उनके सामने रोजी-रोटी और व्यवसाय से जुड़ी समस्या भी सामने आई है। स्थानीय स्तर पर प्रभावित दुकानदारों और ठेला संचालकों के लिए वैकल्पिक स्थान या पुनर्वास की व्यवस्था किए जाने की मांग उठ रही है। ऐसे में प्रशासन की आगामी प्रक्रिया में प्रभावित लोगों के लिए क्या व्यवस्था की जाती है, इस पर भी लोगों की नजर रहेगी।

फिलहाल अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद कोहका चौक का स्वरूप बदल गया है। अब क्षेत्रवासियों की नजर प्रस्तावित शहीद स्मारक के निर्माण की अगली प्रक्रिया पर है। स्मारक का निर्माण कब शुरू होगा और प्रभावित व्यापारियों के लिए प्रशासन की ओर से क्या व्यवस्था की जाएगी, इससे जुड़ी जानकारी आगे सामने आने की संभावना है।