PM मोदी पर अभद्र टिप्पणी मामले में नाबालिग को राहत, दिल्ली पुलिस ने FIR दर्ज नहीं करने का लिया फैसला

जंतर-मंतर पर CJP प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित अभद्र टिप्पणी करने वाली नाबालिग के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने FIR दर्ज नहीं करने का फैसला किया है। जांच में लड़की के नाबालिग होने की पुष्टि के बाद किशोर न्याय कानूनों के तहत निर्णय लिया गया।

Aug 3, 2026 - 12:51
 0  3
PM मोदी पर अभद्र टिप्पणी मामले में नाबालिग को राहत, दिल्ली पुलिस ने FIR दर्ज नहीं करने का लिया फैसला

UNITED NEWS OF ASIA. नई दिल्ली। जंतर-मंतर पर आयोजित ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से अभद्र टिप्पणी करने वाली नाबालिग लड़की को दिल्ली पुलिस ने राहत दी है। पुलिस ने जांच और कानूनी समीक्षा के बाद उसके खिलाफ कोई नया मामला दर्ज नहीं करने का निर्णय लिया है।

यह मामला उस समय चर्चा में आया था जब प्रदर्शन के दौरान एक लड़की का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। वीडियो में प्रधानमंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किए जाने का आरोप लगाया गया, जिसके बाद विभिन्न स्तरों पर कार्रवाई की मांग उठी।

प्रारंभिक जानकारी के आधार पर नोएडा पुलिस ने मामले में जीरो एफआईआर दर्ज कर उसे दिल्ली पुलिस को स्थानांतरित किया था, क्योंकि कथित घटना दिल्ली के जंतर-मंतर क्षेत्र में हुई थी। प्रारंभिक एफआईआर में लड़की की उम्र 25 वर्ष दर्ज की गई थी।

हालांकि बाद में लड़की ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर दावा किया कि उसकी वास्तविक उम्र 15 वर्ष है। उसने कहा कि वह प्रदर्शन में मौजूद कुछ लोगों के प्रभाव में आकर ऐसी टिप्पणियां कर बैठी थी। वीडियो में उसने अपने बयान पर खेद व्यक्त करते हुए देश से सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी।

लड़की ने अपने संदेश में कहा कि उसने जो कहा, वह गलत था और उसे अपनी गलती का एहसास है। उसने इसे अपनी पहली और आखिरी गलती बताते हुए लोगों से उसे माफ करने की अपील की।

इस बीच लड़की की मां ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भावनात्मक अपील करते हुए बेटी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को निरस्त कराने का अनुरोध किया। उनका कहना था कि एफआईआर गलत नाम और गलत उम्र के आधार पर दर्ज हुई है तथा उनकी बेटी नाबालिग है।

दिल्ली पुलिस ने मामले की जांच के दौरान लड़की की आयु सहित अन्य तथ्यों का सत्यापन किया। जांच में उसके नाबालिग होने की पुष्टि हुई। इसके बाद मामले का परीक्षण किशोर न्याय कानूनों और अन्य प्रासंगिक कानूनी प्रावधानों के तहत किया गया। कानूनी राय लेने के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ कोई नया मामला दर्ज नहीं करने का फैसला किया।

इस घटनाक्रम के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हाल ही में एक वीडियो संदेश जारी कर उन बच्चों को माफ करने की बात कही थी, जिन्होंने प्रदर्शन के दौरान उनके खिलाफ अपशब्दों का प्रयोग किया था। उन्होंने कहा था कि भटके हुए बच्चों को सजा दिलाने या लंबे कानूनी मामलों में उलझाने से परिस्थितियां नहीं बदलेंगी। उन्होंने समाज से भी अपील की थी कि ऐसे मामलों में सुधार और सकारात्मक सोच को महत्व दिया जाए।

दिल्ली पुलिस का यह निर्णय जांच में सामने आए तथ्यों, लड़की की आयु तथा लागू कानूनी प्रावधानों के आधार पर लिया गया है। मामले को लेकर अब आगे कोई नई आपराधिक कार्रवाई नहीं की जाएगी।