छिंदवाड़ा में पत्रकार सुरक्षा को लेकर AIJ की बैठक, उत्पीड़न के खिलाफ एकजुटता पर जोर
छिंदवाड़ा में भारतीय पत्रकार संघ (AIJ) की विशेष बैठक आयोजित हुई। बैठक में पत्रकारों की सुरक्षा, उत्पीड़न और महिला पत्रकारों से जुड़ी घटनाओं पर चर्चा की गई। संगठन ने किसी भी पत्रकार के साथ अत्याचार होने पर एकजुट होकर संघर्ष करने का निर्णय लिया। दिल्ली में महिला पत्रकार के साथ हुई अभद्रता के विरोध में राष्ट्रपति के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपने का निर्णय भी लिया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. यज्ञ राज पटेल, छिंदवाड़ा l लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में कार्य कर रहे पत्रकारों की सुरक्षा, उत्पीड़न और महिला पत्रकारों की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर भारतीय पत्रकार संघ (AIJ) की विशेष बैठक आयोजित की गई। स्थानीय टीलॉजी कैफे में हुई इस बैठक में पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर संगठन की भूमिका और भविष्य की रणनीति पर चर्चा की गई। बैठक AIJ के जबलपुर संभाग अध्यक्ष जितेन्द्र अलबेला की उपस्थिति में संपन्न हुई।
बैठक में पत्रकारों के साथ होने वाले कथित हमलों और उत्पीड़न के मामलों को लेकर पत्रकार समाज की एकजुटता पर जोर दिया गया। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि पत्रकारों के संगठन भले ही अलग-अलग हों, लेकिन किसी भी पत्रकार के साथ अत्याचार या उत्पीड़न की घटना होने पर पूरा पत्रकार समाज एकजुट होकर आवाज उठाएगा। सदस्यों ने पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर सामूहिक प्रयासों को मजबूत करने की आवश्यकता बताई।
बैठक में दिल्ली में महिला पत्रकार के साथ हुई अभद्रता की घटना को लेकर भी चर्चा हुई। उपस्थित पत्रकारों ने घटना की निंदा की और महिला पत्रकारों की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की। बैठक में निर्णय लिया गया कि इस मामले को लेकर राष्ट्रपति के नाम छिंदवाड़ा कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके माध्यम से पत्रकारों की सुरक्षा और विशेष रूप से महिला पत्रकारों की सुरक्षा से जुड़े विषयों को सामने रखने की बात कही गई।
बैठक के दौरान AIJ के जबलपुर संभाग अध्यक्ष जितेन्द्र अलबेला ने संगठन की गतिविधियों और अब तक के सफर की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि भारतीय पत्रकार संघ पिछले 12 वर्षों से निशुल्क सदस्यता के साथ पत्रकारों के सम्मान, सुरक्षा और विधिक संरक्षण के लिए कार्य कर रहा है। प्रेस नोट के अनुसार संगठन देश के 24 राज्यों और 600 से अधिक जिलों में अपनी गतिविधियां संचालित कर रहा है।
बैठक में पत्रकारों के लिए सुरक्षा कानून लागू किए जाने की मांग भी दोहराई गई। उपस्थित पत्रकारों ने कहा कि पत्रकारों को अपने दायित्वों का निर्वहन करते समय विभिन्न चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में पत्रकारों के अधिकारों और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर प्रभावी व्यवस्था की आवश्यकता है। बैठक में पत्रकारों के सम्मान और सुरक्षा को संगठन की प्राथमिकताओं में शामिल रखने पर जोर दिया गया।
इस अवसर पर राजेश तांत्रिक, संतोष विश्वकर्मा, अमित शर्मा, यज्ञराज पटेल, शुभम सहारे, शिरीष कोचे, राकेश विश्वकर्मा, रविशंकर पहाड़े, उषा राऊत, रिंटू खान, नितेश सूर्यवंशी, निर्भय जोशी, विजय धाले, आकाश कोचे और अक्षय सूर्यवंशी सहित अनेक वरिष्ठ एवं युवा पत्रकार मौजूद रहे।
बैठक के अंत में पत्रकार सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर आगे भी सामूहिक रूप से आवाज उठाने और पत्रकारों के हित में संगठनात्मक स्तर पर प्रयास जारी रखने की बात कही गई। दिल्ली की घटना के संबंध में राष्ट्रपति के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपने का निर्णय भी इसी दिशा में एक कदम बताया गया। बैठक में पत्रकारों के बीच एकजुटता, सुरक्षा और विधिक संरक्षण को लेकर चर्चा को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।