पुलिस के अनुसार, नशीली दवाओं की अवैध बिक्री और तस्करी के संबंध में ACCU बिलासपुर की टीम लगातार जानकारी जुटा रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि ग्राम गुड़ी निवासी उग्रसेन लोनिया अपने पुत्र मुकेश कुमार लोनिया और रिश्तेदार परमेश्वर लोनिया के साथ मिलकर दूसरे राज्य से प्रतिबंधित नशीली दवाएं लाकर उनकी बिक्री करने की तैयारी कर रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी गई और कार्रवाई के लिए टीम गठित की गई।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मधुलिका सिंह और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर पंकज पटेल के मार्गदर्शन तथा नगर पुलिस अधीक्षक तिलेश्वर यादव के नेतृत्व में ACCU बिलासपुर और थाना सीपत की संयुक्त टीम ने ग्राम गुड़ी में कार्रवाई की। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने उग्रसेन लोनिया के घर पर दबिश दी। पुलिस का दावा है कि मौके पर उग्रसेन लोनिया, उसका पुत्र मुकेश कुमार लोनिया और परमेश्वर लोनिया प्रतिबंधित कैप्सूल और टैबलेट बिक्री के लिए अपने कब्जे में रखे हुए मिले।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने प्रॉक्सिको स्पास कैप्सूल और अल्प्राविन टैबलेट समेत कुल 4750 नग नशीली दवाएं बरामद कीं। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास इन दवाओं को रखने या बेचने से संबंधित कोई वैध दस्तावेज अथवा चिकित्सकीय पर्चा नहीं मिला। इसके बाद तीनों आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 21(सी), 22(सी) और 29 के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई और उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उग्रसेन लोनिया, उम्र 60 वर्ष, निवासी गुड़ी लोनियापारा, मुकेश कुमार लोनिया, उम्र 30 वर्ष और परमेश्वर लोनिया उर्फ कोंदा, उम्र 20 वर्ष के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, मुकेश लोनिया पूर्व में भी नारकोटिक्स एक्ट की धाराओं 21 और 22 के मामले में गिरफ्तार हो चुका है। पुलिस अब इस मामले में नशीली दवाओं की सप्लाई के स्रोत और आगे जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है।
बिलासपुर पुलिस ने बताया कि मामले की जांच को एंड-टू-एंड तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है। आरोपियों और संभावित रूप से जुड़े लोगों की वित्तीय जांच भी की जा रही है, ताकि नशीली दवाओं के कारोबार से अर्जित संपत्ति और लेन-देन की जानकारी सामने आ सके। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी सीपत राजेश मिश्रा, ACCU प्रभारी गोपाल सतपथी, उप निरीक्षक हेमंत आदित्य, शिव सिंह बक्साल, महिला आरक्षक शकुंतला साहू तथा आरक्षक आशीष राठौर, बीरेंद्र राजपूत, मुकेश शर्मा, रमेश यादव, महादेव कुजूर, धीरेंद्र सिंह तोमर और राकेश साहू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने कार्रवाई में शामिल टीम की सराहना की है।