डिजिटल इंडिया ने भारत को दी वैश्विक पहचान, सीएससी डिजिटल क्रांति के वास्तविक सूत्रधार : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
रायपुर में आयोजित CSC के ‘17 Years of Progress with Purpose’ कार्यक्रम में वित्त मंत्री ओपी चौधरी शामिल हुए। उन्होंने डिजिटल इंडिया अभियान की सफलता में सीएससी संचालकों की भूमिका की सराहना करते हुए उत्कृष्ट कार्य करने वाले संचालकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि सीएससी ने डिजिटल सेवाओं को गांव-गांव तक पहुंचाकर आम नागरिकों को सरकारी सुविधाएं सरल और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l डिजिटल तकनीक के माध्यम से देश में सेवाओं की पहुंच को आसान और प्रभावी बनाने में कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। इसी उपलब्धि को रेखांकित करते हुए रायपुर में CSC द्वारा आयोजित ‘17 Years of Progress with Purpose’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के वित्त मंत्री ओपी चौधरी मुख्य रूप से शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने उत्कृष्ट कार्य करने वाले CSC संचालकों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया और डिजिटल इंडिया अभियान को सफल बनाने में उनके योगदान की सराहना की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में शुरू किया गया डिजिटल इंडिया अभियान आज भारत की पहचान को पूरी दुनिया में मजबूत कर रहा है। डिजिटल तकनीक के माध्यम से शासन की सेवाओं को आम नागरिकों तक पहुंचाने का कार्य तेजी से हुआ है। उन्होंने कहा कि आज भारत डिजिटल भुगतान, ऑनलाइन सेवाओं और तकनीकी नवाचार के क्षेत्र में विश्व के अग्रणी देशों में शामिल हो चुका है।
उन्होंने कहा कि सीएससी संचालक डिजिटल इंडिया के वास्तविक सूत्रधार हैं, जिन्होंने गांवों और दूरस्थ क्षेत्रों तक डिजिटल सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित की है। प्रदेश में हजारों सीएससी संचालक लगातार नागरिकों को विभिन्न सरकारी और गैर सरकारी सेवाएं उपलब्ध करा रहे हैं, जिससे लोगों का समय और संसाधन दोनों बच रहे हैं।
सीएससी ने साकार किया सिंगल विंडो सिस्टम का सपना
वित्त मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में लगभग 38 हजार पंजीकृत सीएससी संचालक और उनकी पूरी टीम जनसेवा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उनके प्रयासों से प्रदेश के करोड़ों नागरिकों को सरकारी सेवाएं सरल, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध हो रही हैं।
उन्होंने कहा कि सीएससी ने वास्तविक अर्थों में ‘सिंगल विंडो सिस्टम’ की अवधारणा को साकार किया है। अब नागरिकों को अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता कम हुई है। एक ही स्थान पर राजस्व, श्रम, बिजली, आयुष्मान भारत, बैंकिंग सहित अनेक महत्वपूर्ण सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं।
उन्होंने सीएससी संचालकों की प्रशंसा करते हुए कहा कि डिजिटल सेवाओं को आमजन तक पहुंचाने में उनकी भूमिका केवल तकनीकी सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि वे सरकार और जनता के बीच एक मजबूत कड़ी के रूप में कार्य कर रहे हैं।
डिजिटल इंडिया ने बदली देश की तस्वीर
ओपी चौधरी ने कहा कि वर्ष 2015 में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने डिजिटल इंडिया मिशन की शुरुआत की थी, तब कई लोगों ने इसकी सफलता को लेकर सवाल उठाए थे। लेकिन आज भारत ने डिजिटल क्षेत्र में ऐसी उपलब्धियां हासिल की हैं, जो पूरी दुनिया के लिए उदाहरण बन गई हैं।
उन्होंने कहा कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था, विशेषकर यूपीआई, ने आर्थिक लेन-देन को आसान, सुरक्षित और तेज बनाया है। गांवों तक इंटरनेट और डिजिटल सेवाओं की पहुंच ने डिजिटल असमानता को कम करने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत का उद्देश्य केवल आर्थिक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना भी आवश्यक है। इसी सोच के साथ सरकार अंत्योदय के सिद्धांत पर काम कर रही है।
जनधन, आधार और मोबाइल से मजबूत हुई पारदर्शिता
वित्त मंत्री ने कहा कि जनधन, आधार और मोबाइल (JAM) व्यवस्था के माध्यम से प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) प्रणाली को मजबूती मिली है। इससे सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे हितग्राहियों के बैंक खातों तक पहुंच रहा है।
उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना सहित अनेक जनकल्याणकारी योजनाओं में राशि सीधे लाभार्थियों तक पहुंच रही है। इससे पारदर्शिता बढ़ी है और भ्रष्टाचार पर प्रभावी नियंत्रण हुआ है। इस पूरी प्रक्रिया में सीएससी केंद्रों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं का विस्तार
वित्त मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं के विस्तार को प्राथमिकता दे रही है। राज्य सरकार द्वारा शुरू किए गए अटल डिजिटल सुविधा केंद्र ग्रामीण नागरिकों को आधुनिक सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।
उन्होंने कहा कि भविष्य में अधिक से अधिक सरकारी सेवाओं को सीएससी नेटवर्क से जोड़ा जाएगा, ताकि नागरिकों को सुविधाएं अपने गांव और आसपास के क्षेत्रों में ही मिल सकें।
उन्होंने यह भी कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए ग्राम पंचायतों में डिजिटल अधोसंरचना को मजबूत किया जाएगा। सरकार का उद्देश्य है कि तकनीक का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचे और ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिक भी डिजिटल सुविधाओं का पूरा लाभ उठा सकें।
सीएससी नेटवर्क को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता
ओपी चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार सीएससी नेटवर्क को और अधिक सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। विभिन्न विभागों की नई सेवाओं को सीएससी केंद्रों से जोड़ने तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आवश्यक सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार प्रयास किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि डिजिटल सेवाओं के विस्तार से न केवल नागरिकों को सुविधा मिलेगी, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी विकसित होंगे। सीएससी संचालक डिजिटल सशक्तिकरण के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर सेवा और रोजगार के केंद्र के रूप में भी कार्य कर रहे हैं।
उत्कृष्ट कार्य करने वाले संचालकों का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने बेहतर कार्य करने वाले सीएससी संचालकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने सभी सम्मानित संचालकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनकी मेहनत और समर्पण से डिजिटल इंडिया का सपना जमीनी स्तर पर साकार हो रहा है।
कार्यक्रम के अंत में उन्होंने CSC की पूरी टीम को सफल आयोजन के लिए बधाई दी और कहा कि राज्य सरकार जनसेवा को अधिक प्रभावी बनाने के लिए सीएससी संचालकों के साथ लगातार सहयोग करती रहेगी।
उन्होंने कहा कि डिजिटल क्रांति केवल तकनीक का विस्तार नहीं है, बल्कि यह आम नागरिकों को सशक्त बनाने का माध्यम है। सीएससी के माध्यम से डिजिटल सेवाओं की पहुंच बढ़ाकर छत्तीसगढ़ को विकसित राज्य बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं।