कांकेर के पैराडाइज स्कूल में दीपावली की धूम, रंगोली, दीप सजावट और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से जगमगाया विद्यालय परिसर
कांकेर के पैराडाइज हायर सेकेंडरी सीबीएसई स्कूल में दीपावली पर्व से पूर्व विभिन्न रचनात्मक और सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन किया गया। नर्सरी से बारहवीं तक के विद्यार्थियों ने रंगोली, दीप सजावट, चित्रकला, ग्रीटिंग कार्ड निर्माण और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्राचार्या रश्मि रजक ने विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं पर्यावरण अनुकूल दीपावली मनाने का संदेश दिया।
UNITED NEWS OF ASIA. राजेंद्र मंडावी. कांकेर l पैराडाइज हायर सेकेंडरी सीबीएसई स्कूल कांकेर में दीपावली पर्व के पूर्व उत्साह, उमंग और हर्षोल्लास के साथ विभिन्न रचनात्मक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर नर्सरी से बारहवीं कक्षा तक के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपनी कलात्मक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। विद्यालय परिसर रंग-बिरंगी रंगोलियों, आकर्षक दीपों, सुंदर चित्रों और दीपावली की सजावट से जगमगा उठा। आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, परंपराओं, आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक सद्भाव का संदेश दिया गया।
विद्यालय में प्री-प्राइमरी कक्षाओं के नन्हे-मुन्ने बच्चों के लिए दीप चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई। नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी के विद्यार्थियों ने रंगों के माध्यम से आकर्षक दीपों के चित्र बनाकर अपनी रचनात्मकता प्रदर्शित की। प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों ने दीप सजावट गतिविधि में भाग लेते हुए छोटे-बड़े दीपों को विभिन्न रंगों और सजावटी सामग्रियों से सजाया। वहीं मिडिल और हाई स्कूल के छात्र-छात्राओं ने आकर्षक रंगोलियां बनाकर अपनी कलात्मक प्रतिभा का परिचय दिया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने दीपावली से संबंधित ग्रीटिंग कार्ड और विभिन्न कलाकृतियां भी तैयार कीं। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में छात्र-छात्राओं ने दीपावली गीतों पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किए। विशेष रूप से राम भक्ति से जुड़े गीतों पर प्रस्तुत नृत्यों ने उत्सव के वातावरण को और आकर्षक बना दिया। कुछ विद्यार्थी भगवान श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण की वेशभूषा में शामिल हुए।
विद्यालय की प्रातःकालीन सभा में मिडिल और हायर कक्षाओं के विद्यार्थियों ने दीपावली पर्व के धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक महत्व की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दीपावली अंधकार पर प्रकाश, असत्य पर सत्य और बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीक है। भगवान श्रीराम के चौदह वर्ष के वनवास के बाद अयोध्या लौटने की परंपरागत कथा का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों ने दीप प्रज्वलन और लक्ष्मी-गणेश पूजन का महत्व समझाया।
छात्राओं ने गोवर्धन पूजा और भाई दूज के महत्व पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि गोवर्धन पूजा प्रकृति और पर्यावरण के प्रति श्रद्धा का संदेश देती है, जबकि भाई दूज भाई-बहन के प्रेम, विश्वास और स्नेह का प्रतीक है। इन पर्वों के माध्यम से विद्यार्थियों को प्रेम, एकता, सदाचार और पारिवारिक मूल्यों को अपनाने की प्रेरणा दी गई।
विद्यालय की प्राचार्या रश्मि रजक ने सभी विद्यार्थियों और शिक्षक-शिक्षिकाओं को दीपावली की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि दीपावली केवल दीप जलाने और खुशियां मनाने का त्योहार नहीं, बल्कि जीवन में ज्ञान, प्रेम, सद्भावना और सकारात्मकता का प्रकाश फैलाने का अवसर है। उन्होंने विद्यार्थियों से माता-पिता और गुरुजनों का सम्मान करने, जरूरतमंदों की सहायता करने तथा अच्छे विचारों और कर्मों से समाज को रोशन करने का आह्वान किया।
प्राचार्या ने सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल दीपावली मनाने पर विशेष जोर देते हुए विद्यार्थियों को पटाखों से दूर रहने, स्वच्छता बनाए रखने और जरूरतमंदों के साथ खुशियां बांटने का संदेश दिया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में प्राचार्या रश्मि रजक, मैनेजर योगेश रजक, वरिष्ठ शिक्षक प्रीति झा, रूबी खान, पवित्र बराई, कोऑर्डिनेटर दीपांजली गोगोई, ऐश्वर्या साहू, ग्लोरिया रजक, अरबिंद महतो, वर्षा रामानी, तीरथ साहू, कृष्णापद कुंभकार, संगीता भारती, रचना शर्मा, रीया सोनी, जीतूदास माडले, अवतार सिंह, रामेश्वरी साहू, संतोष कुमार ठाकुर, मनीष बाखला, एस. मर्सी, सरिता मिश्रा, टाकेश्वर साहू, सुकदेव सरकार, पेंकटेश, शिखा मेहरा, पार्वती गजबल्ला, प्रीतिलता सोरी, शांति लीना नेताम, मनीषा साहू, सलमा खान, लक्ष्मीनारायण नामदेव, लीना जैन, पूजा खरे, नेहा चौहान, दीक्षा राठौर, अरसिया, दीपिका सेन, रितु, शैली यादव, मंजू साहू, मामानी कुंभकार, प्रियंका, सुरेन्द्र प्रधान, झरना, मर्सी, थेजासेनो और नौशिन सहित अन्य शिक्षकों का विशेष योगदान रहा।
इस प्रकार पैराडाइज स्कूल में आयोजित दीपावली उत्सव विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के साथ भारतीय संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक एकता का संदेश देने वाला आयोजन बना।