विकसित भारत जी-राम योजना से कबीरधाम के 129 स्कूलों में बनेंगे बालिका शौचालय

कबीरधाम जिले के 129 शासकीय स्कूलों में विकसित भारत जी-राम (VB-GRAM) योजना के तहत 5.53 करोड़ रुपये की लागत से बालिका शौचालयों का निर्माण होगा। ग्राम पंचायतों ने स्वीकृति मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया है।

Aug 5, 2026 - 17:37
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विकसित भारत जी-राम योजना से कबीरधाम के 129 स्कूलों में बनेंगे बालिका शौचालय

UNITED NEWS OF ASIA. कबीरधाम l जिले के 129 शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में बालिकाओं के लिए आधुनिक शौचालयों का निर्माण विकसित भारत रोजगार और आजीविका के लिए गारंटी मिशन ग्रामीण (जी-राम) योजना के तहत किया जाएगा। इस परियोजना पर 5 करोड़ 53 लाख 90 हजार रुपये खर्च किए जाएंगे। योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा संबंधी आधारभूत सुविधाओं का विस्तार करना, बालिकाओं को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाना है।

जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा स्कूलों की सूची जिला पंचायत को भेजे जाने के बाद निर्माण कार्यों को त्वरित स्वीकृति प्रदान की गई। स्वीकृति आदेश जारी होते ही संबंधित ग्राम पंचायतों ने निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया है। योजना के शुभारंभ के दौरान उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा था कि विकसित भारत जी-राम योजना के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास के साथ-साथ स्कूलों में विद्यार्थियों के लिए आवश्यक सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसी दिशा में यह पहल बालिकाओं के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है।

कलेक्टर गोपाल वर्मा ने बताया कि सभी शौचालयों का निर्माण ग्राम पंचायतों के माध्यम से कराया जाएगा। प्रत्येक विद्यालय के लिए 4 लाख 30 हजार रुपये की स्वीकृति दी गई है। निर्माण एजेंसियों को कार्य शीघ्र शुरू करने और गुणवत्ता के साथ समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही मैदानी अधिकारियों को नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है।

जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक अग्रवाल ने बताया कि जनपद पंचायत बोड़ला की 25 शालाओं के लिए 1 करोड़ 7 लाख 50 हजार रुपये, कवर्धा की 3 शालाओं के लिए 12 लाख 90 हजार रुपये, सहसपुर लोहारा की 15 शालाओं के लिए 64 लाख 50 हजार रुपये तथा पंडरिया की 86 शालाओं के लिए 3 करोड़ 69 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं।

योजना का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य ग्रामीण रोजगार को भी बढ़ावा देना है। निर्माण कार्यों में लगे श्रमिकों को प्रतिदिन 300 रुपये की मजदूरी सीधे उनके बैंक खातों में भुगतान की जाएगी। अनुमान है कि इन निर्माण कार्यों के माध्यम से 75 से 80 लाख रुपये की मजदूरी सीधे ग्रामीणों तक पहुंचेगी।

प्रशासन का कहना है कि विकसित भारत जी-राम योजना से एक ओर स्कूलों में बालिकाओं को स्वच्छ और सुरक्षित शौचालय जैसी आवश्यक सुविधाएं मिलेंगी, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत ढांचे का विकास, स्थानीय रोजगार सृजन और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती भी मिलेगी। यह पहल शिक्षा, स्वच्छता और ग्रामीण विकास को एक साथ आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।