अबूझमाड़ के ओरछा में धूमधाम से मनी जन्माष्टमी, मटका फोड़ बना आकर्षण का केंद्र

नारायणपुर जिले के ओरछा ब्लॉक में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ मनाया गया। सैकड़ों ग्रामीणों और बच्चों ने आयोजन में हिस्सा लिया। मटका फोड़ प्रतियोगिता में युवाओं और स्कूली बच्चों ने मानव पिरामिड बनाकर मटकी फोड़ने का प्रयास किया। इसके अलावा बच्चों ने राधा-कृष्ण का रूप धारण किया और मंदिरों में पूजा-अर्चना व भजन-कीर्तन का आयोजन हुआ।

Sep 5, 2026 - 09:17
 0  3
अबूझमाड़ के ओरछा में धूमधाम से मनी जन्माष्टमी, मटका फोड़ बना आकर्षण का केंद्र

UNITED NEWS OF ASIA. संतोष मजुमदार, नारायणपुर l नारायणपुर जिले के अबूझमाड़ क्षेत्र के ओरछा ब्लॉक में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व बड़े ही हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ मनाया गया। सुदूर अंचल में आयोजित इस धार्मिक उत्सव में सैकड़ों ग्रामीणों और बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। जन्माष्टमी के अवसर पर क्षेत्र में सुबह से ही भक्ति और आस्था का माहौल देखने को मिला। मंदिरों में पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन का दौर चला, वहीं ग्रामीणों ने पारंपरिक तरीके से नाच-गाकर भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की खुशियां मनाईं।

ओरछा में आयोजित जन्माष्टमी समारोह का मुख्य आकर्षण मटका फोड़ प्रतियोगिता रही। ऊंचाई पर मटकी लटकाई गई, जिसे फोड़ने के लिए युवाओं और स्कूली बच्चों की टोलियों ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया। प्रतिभागियों ने मानव पिरामिड बनाकर मटकी तक पहुंचने का प्रयास किया। जैसे-जैसे प्रतियोगिता आगे बढ़ी, मौके पर मौजूद लोगों का उत्साह भी बढ़ता गया। प्रतिभागियों के प्रयासों के बीच मैदान में मौजूद ग्रामीण तालियों और जयकारों के साथ उनका उत्साह बढ़ाते नजर आए।

मटका फोड़ प्रतियोगिता के दौरान जैसे ही मटकी फूटी, आयोजन स्थल पर मौजूद लोगों में उत्साह का माहौल बन गया। दही-माखन की बौछार के बीच पूरा क्षेत्र भगवान श्रीकृष्ण के जयकारों से गूंज उठा। सैकड़ों ग्रामीणों ने इस आयोजन का आनंद लिया। जन्माष्टमी के पारंपरिक स्वरूप से जुड़े इस कार्यक्रम ने लोगों को उत्सव के साथ जोड़े रखा और बच्चों से लेकर युवाओं तक में खासा उत्साह देखने को मिला।

जन्माष्टमी के अवसर पर छोटे-छोटे बच्चों को भगवान श्रीकृष्ण और राधा के रूप में सजाया गया था। नन्हे कृष्ण और राधा की वेशभूषा में सजे बच्चे आयोजन में आकर्षण का केंद्र बने रहे। बच्चों की मासूमियत और पारंपरिक परिधान ने जन्माष्टमी के माहौल को और भी खास बना दिया। ग्रामीणों और परिजनों ने बच्चों के इन रूपों को खूब सराहा।

ओरछा ब्लॉक के मंदिरों में भी जन्माष्टमी को लेकर विशेष आयोजन किए गए। सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही रही और भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना के साथ भजन-कीर्तन किए गए। ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से पर्व मनाते हुए धार्मिक परंपराओं का पालन किया। कई स्थानों पर दिनभर कृष्ण भक्ति से जुड़े कार्यक्रमों का माहौल बना रहा।

अबूझमाड़ जैसे सुदूर क्षेत्र में जन्माष्टमी का यह आयोजन धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक और सांस्कृतिक सहभागिता का भी उदाहरण बना। ग्रामीणों, बच्चों और युवाओं की भागीदारी ने पर्व को सामूहिक उत्सव का रूप दिया। मटका फोड़ प्रतियोगिता के माध्यम से जहां युवाओं और बच्चों ने उत्साह दिखाया, वहीं मंदिरों में पूजा-अर्चना और भजन-कीर्तन के जरिए श्रद्धालुओं ने अपनी आस्था व्यक्त की।

ओरछा में मनाए गए जन्माष्टमी पर्व के दौरान पूरे क्षेत्र में उत्सव और भक्तिभाव का माहौल बना रहा। सैकड़ों लोगों ने कार्यक्रम में शामिल होकर मटका फोड़ प्रतियोगिता और अन्य धार्मिक गतिविधियों का आनंद लिया। बच्चों द्वारा राधा-कृष्ण का रूप धारण करना और युवाओं की मटका फोड़ प्रतियोगिता में सहभागिता आयोजन की खास तस्वीर रही। इस आयोजन ने अबूझमाड़ के सुदूर अंचल में भी कृष्ण जन्माष्टमी की परंपरा, आस्था और सांस्कृतिक एकता की झलक प्रस्तुत की।