कवर्धा जिले के 870 मतदान केंद्रों में चलेगा विशेष मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान, 12 नवंबर से दावे-आपत्तियां
कवर्धा जिले के सभी 870 मतदान केंद्रों में फोटोयुक्त मतदाता सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान चलाया जाएगा। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी तुलिका प्रजापति ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक लेकर कार्यक्रम की जानकारी दी। मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन 12 नवंबर 2026 को होगा। 12 नवंबर से 11 दिसंबर तक दावे और आपत्तियां ली जाएंगी, जबकि अंतिम मतदाता सूची 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी। एक जनवरी 2027 तक 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले पात्र युवा मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकेंगे।
UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार कबीरधाम जिले में फोटोयुक्त निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण और मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इस संबंध में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी तुलिका प्रजापति ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक लेकर पुनरीक्षण कार्यक्रम की जानकारी दी। बैठक में मतदाता सूची को शुद्ध और त्रुटिरहित बनाने, नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, दर्ज विवरणों में सुधार करने तथा मृत और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम नियमानुसार हटाने पर चर्चा की गई।
कलेक्टर ने बताया कि जिले के सभी 870 मतदान केंद्रों में निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। एक जनवरी 2027 को अर्हता तिथि मानते हुए 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके या उस तिथि तक पूरी करने वाले पात्र युवा मतदाता सूची में अपना नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके लिए प्रारूप-6 भरकर संबंधित मतदान केंद्र के बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ), अभिहित अधिकारी अथवा निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के कार्यालय में आवेदन दिया जा सकता है। ऑनलाइन आवेदन के लिए voters.eci.gov.in पोर्टल और ECINET मोबाइल ऐप का भी उपयोग किया जा सकता है।
12 नवंबर को होगा प्रारंभिक प्रकाशन
जिला निर्वाचन अधिकारी के अनुसार मतदान केंद्रों का युक्तियुक्तकरण दो नवंबर 2026 तक किया जाएगा। मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन 12 नवंबर को होगा। इसके बाद 12 नवंबर से 11 दिसंबर 2026 तक दावे और आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। प्राप्त आवेदनों और आपत्तियों का निराकरण 28 दिसंबर तक किया जाएगा। मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन चार जनवरी 2027 को निर्धारित किया गया है।
मतदाता सूची में विवरण की जांच जरूरी
पुनरीक्षण अभियान के दौरान नागरिकों से अपील की गई है कि वे मतदाता सूची में अपना नाम, पता, उम्र, लिंग और संबंध से संबंधित विवरणों की जांच करें। किसी प्रकार की त्रुटि होने पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत सुधार कराएं। नए मतदाता का नाम जोड़ने के लिए प्रारूप-6, नाम विलोपन के लिए प्रारूप-7 तथा पहले से दर्ज विवरण में संशोधन, पते के स्थानांतरण और डुप्लीकेट मतदाता परिचय पत्र के लिए प्रारूप-8 का उपयोग किया जाएगा।
राजनीतिक दलों से बीएलए नियुक्त करने का आग्रह
कलेक्टर ने सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों से जिले के 870 मतदान केंद्रों के लिए बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) नियुक्त करने और उनकी सूची निर्वाचन कार्यालय में उपलब्ध कराने का आग्रह किया। बीएलए मतदाता सूची की जांच और उसकी शुद्धता सुनिश्चित करने में सहयोग करेंगे। निर्धारित प्रावधानों के अनुसार बीएलए एक बार या एक दिन में अधिकतम 10 आवेदन जमा कर सकेंगे तथा पूरी पुनरीक्षण अवधि में अधिकतम 30 आवेदन जमा करने की सीमा होगी। इससे अधिक आवेदन प्राप्त होने पर संबंधित निर्वाचन अधिकारी द्वारा सत्यापन किया जाएगा।
नाम विलोपन के मामलों का होगा परीक्षण
बैठक में बताया गया कि मतदाता सूची से विलोपित किए जाने वाले नामों की सूची सार्वजनिक सूचना पटल पर चस्पा की जाएगी। किसी मतदान केंद्र पर कुल मतदाताओं की संख्या के दो प्रतिशत से अधिक नाम विलोपित होने की स्थिति में निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी स्तर पर परीक्षण किया जाएगा। एक ही आपत्तिकर्ता द्वारा पांच प्रकरणों में नाम विलोपन की आपत्ति प्रस्तुत किए जाने पर भी परीक्षण का प्रावधान बताया गया।
महाविद्यालयों में भी चलेगा अभियान
जिले के महाविद्यालयों में नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं के नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए एक-एक प्राध्यापक को नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। उनके माध्यम से पात्र विद्यार्थियों से प्रारूप-6 भरवाया जाएगा और आवेदन प्रपत्र उपलब्ध कराए जाएंगे। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी सागर सिंह राज सहित मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। जिला निर्वाचन अधिकारी ने सभी दलों और नागरिकों से अभियान का प्रचार-प्रसार करने तथा मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाने में सहयोग देने की अपील की।