धमतरी में धान खरीदी में फर्जीवाड़े पर प्रशासन सख्त, दो दिन में संवेदनशील स्थानों पर लगेंगे CCTV कैमरे और जांच नाके; अवैध परिवहन पर होगी कार्रवाई

खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 में धान खरीदी को पारदर्शी बनाने के लिए धमतरी जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने अधिकारियों की बैठक लेकर निर्देश दिए कि दो दिनों के भीतर संवेदनशील स्थानों पर CCTV कैमरे और जांच नाके स्थापित किए जाएं। जिले में 96 सहकारी समितियों के अंतर्गत 108 धान उपार्जन केंद्रों के माध्यम से खरीदी होगी। प्रशासन वास्तविक किसानों से धान खरीदी, छोटे किसानों को प्राथमिकता, फर्जी पंजीयन की जांच और अवैध परिवहन पर सख्ती से निगरानी रखेगा।

Nov 3, 2026 - 17:10
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धमतरी में धान खरीदी में फर्जीवाड़े पर प्रशासन सख्त, दो दिन में संवेदनशील स्थानों पर लगेंगे CCTV कैमरे और जांच नाके; अवैध परिवहन पर होगी कार्रवाई

UNITED NEWS OF ASIA. रिजवान मेमन, धमतरी l खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए धमतरी जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। धान खरीदी में अनियमितता, फर्जीवाड़े, अवैध परिवहन और बिचौलियों की गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक लेकर तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि धान खरीदी शासन की महत्वपूर्ण प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वास्तविक किसानों से ही धान की खरीदी सुनिश्चित की जाए। साथ ही छोटे और सीमांत किसानों को प्राथमिकता दी जाए, ताकि उन्हें समर्थन मूल्य का लाभ समय पर मिल सके। उन्होंने कहा कि खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ काम करें।

जिले में 108 केंद्रों पर होगी धान खरीदी

इस वर्ष धमतरी जिले में 96 सहकारी समितियों के अंतर्गत 108 धान उपार्जन केंद्रों के माध्यम से खरीदी की जाएगी। व्यवस्था को अधिक सुलभ बनाने के लिए पांच नवीन सहकारी समितियां पंजीकृत की गई हैं और आठ नए धान उपार्जन केंद्र भी स्थापित किए गए हैं। कलेक्टर ने सभी केंद्रों में समय-सीमा के भीतर आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए।

उन्होंने उपार्जन केंद्रों में पर्याप्त कर्मचारियों, हमालों और अन्य जरूरी मानव संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा। जहां कर्मचारियों की कमी है, वहां नियमानुसार भर्ती प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा किसानों के लिए छाया, पेयजल, बैठने की व्यवस्था और अन्य बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया।

दो दिन में CCTV कैमरे और जांच नाके स्थापित करने के निर्देश

धान के अवैध परिवहन और कोचियों-बिचौलियों की गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए मुख्य मार्गों, बोरई सहित अन्य संवेदनशील स्थानों पर CCTV कैमरे लगाने और जांच नाके स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। कलेक्टर ने कहा कि यह व्यवस्था आगामी दो दिनों के भीतर शुरू हो जानी चाहिए। सीमावर्ती क्षेत्रों और धान परिवहन के प्रमुख मार्गों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।

अवैध रूप से धान का परिवहन करते पाए जाने पर संबंधित वाहन और धान जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी। जब्त वाहनों को तीन से चार माह बाद ही नियमानुसार छोड़ने की प्रक्रिया सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

फर्जी पंजीयन पर होगी सख्त कार्रवाई

किसानों के पंजीयन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने ग्राम पंचायतों के माध्यम से सत्यापन कराने और वास्तविक किसानों की पहचान सुनिश्चित करने को कहा। दूसरे व्यक्ति के नाम पर धान बेचने या फर्जी दस्तावेजों के आधार पर उपार्जन का प्रयास करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ऐसी अनियमितताओं में सहयोग करने वाले व्यक्तियों की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।

टोकन व्यवस्था में छोटे किसानों को प्राथमिकता

कलेक्टर ने टोकन जारी करने की प्रक्रिया में छोटे और सीमांत किसानों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसानों को अनावश्यक इंतजार न करना पड़े और उपार्जन केंद्रों में भीड़ या अव्यवस्था की स्थिति न बने, इसका ध्यान रखा जाए।

कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने अधिकारियों को पूरी खरीदी अवधि के दौरान नियमित निरीक्षण और सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी की जवाबदेही तय होगी। प्रशासन का लक्ष्य वास्तविक किसानों को उनकी उपज का समर्थन मूल्य पर सहज, पारदर्शी और समयबद्ध लाभ दिलाना है।