अंबिकापुर: मुडगांव में ट्रांसफार्मर चोरी की कोशिश नाकाम, ग्रामीणों ने एक संदिग्ध को पकड़ा, पेटी कांट्रेक्टर शमशाद का नाम भी आया सामने
छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर जिले के उदयपुर क्षेत्र स्थित मुडगांव में देर रात ट्रांसफार्मर चोरी की कोशिश का मामला सामने आया है। ग्रामीणों की सतर्कता से एक संदिग्ध को पकड़कर डायल 112 के हवाले किया गया। मामले में RDSS योजना के पेटी कांट्रेक्टर शमशाद का नाम भी सामने आने की बात कही जा रही है, हालांकि उनकी भूमिका और आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
UNITED NEWS OF ASIA. आकाश सोनकर, अंबिकापुर l छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के अंबिकापुर क्षेत्र से बिजली उपकरणों की सुरक्षा को लेकर गंभीर मामला सामने आया है। उदयपुर क्षेत्र के मुडगांव में देर रात ट्रांसफार्मर चोरी करने की कथित कोशिश को ग्रामीणों की सतर्कता ने नाकाम कर दिया। ग्रामीणों ने मौके पर एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ लिया और इसकी सूचना डायल 112 को दी। सूचना मिलने के बाद पहुंची पुलिस टीम ने संदिग्ध को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। इस घटना के बाद इलाके में बिजली विभाग के उपकरणों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के मुताबिक, मुडगांव में बिजली के पोल पर लगे ट्रांसफार्मर को उतारकर वाहन में लोड करने की तैयारी की जा रही थी। इसी दौरान आसपास के ग्रामीणों को कुछ संदिग्ध गतिविधियों की भनक लगी। ग्रामीण तत्काल मौके पर पहुंचे और वहां मौजूद एक व्यक्ति को पकड़ लिया। इसके बाद डायल 112 को सूचना दी गई। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध को अपने कब्जे में लिया। फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि ट्रांसफार्मर चोरी की कोशिश में कितने लोग शामिल थे और घटनास्थल पर मौजूद व्यक्ति की क्या भूमिका थी।
इस मामले में RDSS योजना के तहत बिजली से जुड़े कार्यों में लगे पेटी कांट्रेक्टर शमशाद का नाम भी सामने आने की बात कही जा रही है। इसके बाद घटना को लेकर कई तरह के सवाल उठ रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि बिजली विभाग के कार्यों की जानकारी और उपकरणों तक पहुंच का फायदा उठाकर चोरी की घटनाओं को अंजाम देने की कोशिश की जा सकती है। हालांकि, पेटी कांट्रेक्टर शमशाद की भूमिका को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। ऐसे में जांच पूरी होने से पहले किसी को दोषी मानना उचित नहीं होगा।
घटना की जानकारी मिलने के बाद CSPDCL यानी छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड की टीम भी मौके पर पहुंची। विभागीय टीम ने घटनास्थल का जायजा लेकर घटनाक्रम से जुड़ी जानकारी जुटाई। बिजली विभाग की ओर से यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि ट्रांसफार्मर को किस तरह उतारने की तैयारी थी और क्या इस घटना में विभागीय कार्यों से जुड़ी किसी जानकारी का इस्तेमाल किया गया।
गौरतलब है कि उदयपुर क्षेत्र में इससे पहले भी ट्रांसफार्मर और बिजली केबल चोरी की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से बिजली विभाग के उपकरणों की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ट्रांसफार्मर और बिजली केबल सार्वजनिक बिजली व्यवस्था का अहम हिस्सा हैं। इनकी चोरी से न केवल विभाग को आर्थिक नुकसान होता है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हो सकती है।
अब पुलिस जांच में यह पता लगाना महत्वपूर्ण होगा कि मुडगांव में हुई घटना केवल चोरी की एक कोशिश थी या इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क सक्रिय है। पकड़े गए संदिग्ध से पूछताछ के आधार पर अन्य लोगों की भूमिका और घटना में इस्तेमाल किए गए वाहन सहित दूसरे पहलुओं की जानकारी सामने आ सकती है।
फिलहाल एक संदिग्ध पुलिस हिरासत में है और मामले की जांच जारी है। RDSS योजना के पेटी कांट्रेक्टर शमशाद का नाम सामने आने से मामला और गंभीर हो गया है, लेकिन उनकी भूमिका जांच के बाद ही स्पष्ट होगी। अब सबकी निगाहें पुलिस की जांच और बिजली विभाग की कार्रवाई पर टिकी हैं।