रायपुर में गणेश विसर्जन झांकियों का भव्य आयोजन, संतों ने समितियों का किया सम्मान
रायपुर में 28 सितंबर को गणेश विसर्जन झांकियों का भव्य आयोजन हुआ। शारदा चौक से शुरू होकर झांकियां विभिन्न मार्गों से होते हुए महादेव घाट पहुंचीं। अखिल भारतीय संत समिति के मंच से संतों और गणमान्य लोगों ने झांकी समितियों का शॉल एवं श्रीफल से सम्मान किया। कार्यक्रम में महात्यागी रामरूपदास महाराज, महामंडलेश्वर सर्वेश्वर दास महाराज, महंत राजीव लोचन दास और अन्य लोग मौजूद रहे। वहीं 1 अक्टूबर को गुढ़ियारी में झांकी प्रतियोगिता एवं सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा, जिसमें प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार क्रमशः 51 हजार, 31 हजार और 21 हजार रुपये निर्धारित हैं।
UNITED NEWS OF ASIA. हसीब अख्तर, रायपुर l राजधानी रायपुर में 28 सितंबर को गणेश उत्सव के समापन के अवसर पर गणेश विसर्जन झांकियों का भव्य आयोजन किया गया। शहर में निकली झांकियों के दौरान श्रद्धालुओं और लोगों के बीच उत्साह का माहौल देखने को मिला। विभिन्न गणेश उत्सव समितियों की झांकियां निर्धारित मार्ग से होते हुए महादेव घाट स्थित विसर्जन स्थल तक पहुंचीं। यातायात पुलिस ने आयोजन को देखते हुए झांकी मार्ग पर यातायात डायवर्जन और पार्किंग व्यवस्था भी लागू की थी।
रायपुर डाकघर के सामने अखिल भारतीय संत समिति के मंच पर संतों और गणमान्य लोगों की मौजूदगी रही। इस दौरान महात्यागी रामरूपदास महाराज, महामंडलेश्वर सर्वेश्वर दास महाराज और छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के उपाध्यक्ष एवं दक्षिण कौशल के पीठाधीश्वर महंत राजीव लोचन दास सहित अन्य लोगों ने झांकी समितियों का स्वागत किया। समितियों को शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया।
गणेश विसर्जन झांकियों का निर्धारित मार्ग शारदा चौक से शुरू होकर जयस्तंभ चौक, मालवीय रोड, कोतवाली चौक, सदर बाजार, कंकालीपारा, पुरानी बस्ती, लाखेनगर, सुंदरनगर और रायपुरा होते हुए महादेव घाट तक रहा। आयोजन को लेकर यातायात पुलिस की ओर से मार्ग परिवर्तन और पार्किंग संबंधी निर्देश जारी किए गए थे।
इस दौरान भाजपा नेता एवं समाजसेवी बसंत अग्रवाल भी कार्यक्रम में शामिल हुए। उपलब्ध जानकारी के अनुसार उन्होंने भगवान गणेश की आरती और पूजा-अर्चना की। इसके बाद झांकी मार्ग पर श्रद्धालुओं के बीच पहुंचकर उत्सव में सहभागिता की। उन्होंने गणेश उत्सव समितियों और झांकियों का स्वागत किया तथा श्रद्धालुओं पर पुष्पवर्षा की।
बसंत अग्रवाल ने अपने संबोधन में क्षेत्रवासियों के सुख, समृद्धि, शांति और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। उन्होंने गणेश उत्सव को आस्था और सांस्कृतिक सहभागिता से जुड़ा आयोजन बताया। उन्होंने झांकियों के निर्माण में समितियों और कलाकारों के योगदान का उल्लेख करते हुए पुलिस एवं प्रशासन की व्यवस्थाओं की भी सराहना की।
1 अक्टूबर को झांकी प्रतियोगिता
अखिल भारतीय संत समिति की ओर से गणेश उत्सव के दौरान निकाली गई झांकियों और समितियों के सम्मान के लिए 1 अक्टूबर 2026 को शाम 4 बजे गुढ़ियारी स्थित मां भारती विद्यालय, मच्छी तालाब में झांकी प्रतियोगिता एवं सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। आयोजन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली समितियों को पुरस्कार दिए जाएंगे। प्रथम पुरस्कार 51 हजार रुपये, द्वितीय पुरस्कार 31 हजार रुपये और तृतीय पुरस्कार 21 हजार रुपये निर्धारित किया गया है। इसके अलावा सांत्वना पुरस्कार भी दिए जाने की जानकारी दी गई है।
गणेश विसर्जन झांकी के दौरान शहर में धार्मिक उत्साह और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का माहौल रहा। विभिन्न समितियों की झांकियों के माध्यम से श्रद्धालुओं ने गणपति बप्पा को विदाई दी। वहीं आगामी सम्मान समारोह के जरिए झांकी समितियों और कलाकारों को सम्मानित किया जाएगा।