रायपुर में बैक टू नेचर सोसाइटी की अनूठी पहल, घर-आंगन और छत पर उगाएं फूल व ताजी सब्जियां
रायपुर के सैनिक कल्याण भवन में बैक टू नेचर सोसाइटी द्वारा “सर्दियों की बगिया – फूलों और सब्जियों की वैज्ञानिक बागवानी” विषय पर संगोष्ठी आयोजित की गई। इसमें सैकड़ों प्रकृति प्रेमियों ने भाग लेकर मिट्टी की तैयारी, पौधों की देखभाल, पोषण और कीट नियंत्रण की वैज्ञानिक तकनीकें सीखीं। कार्यक्रम में फूलों एवं सब्जियों के पौधों का निःशुल्क वितरण भी किया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l घरों, छतों और बालकनियों में हरियाली बढ़ाने तथा लोगों को वैज्ञानिक तरीके से बागवानी करने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से बैक टू नेचर सोसाइटी ने विशेष पहल की। सोसाइटी द्वारा 18 अक्टूबर 2026 को सैनिक कल्याण भवन, रायपुर में “सर्दियों की बगिया – फूलों और सब्जियों की वैज्ञानिक बागवानी” विषय पर संगोष्ठी आयोजित की गई। इसमें सैकड़ों प्रकृति प्रेमियों ने भाग लिया और सर्दियों के मौसम में घर पर फूल एवं ताजी सब्जियां उगाने की आधुनिक तकनीकों की जानकारी प्राप्त की।
विशेषज्ञों ने बताए वैज्ञानिक बागवानी के तरीके
कार्यक्रम में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के विभागाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र त्रिवेदी और जिंदल के हॉर्टिकल्चरिस्ट शशांक दीक्षित ने प्रतिभागियों को बागवानी से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। विशेषज्ञों ने मिट्टी की सही तैयारी, पौधों के लिए उपयुक्त पोषण, नियमित देखभाल तथा कीट एवं रोग नियंत्रण के वैज्ञानिक तरीकों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि सही मिट्टी, उचित सिंचाई और पौधों की जरूरतों के अनुसार देखभाल करके सीमित जगह में भी अच्छी बगिया विकसित की जा सकती है।
संगोष्ठी में घर की छत, आंगन और बालकनी जैसी जगहों का उपयोग करके फूलों और सब्जियों के पौधे लगाने के व्यावहारिक तरीकों पर भी जानकारी दी गई। इससे प्रतिभागियों को अपनी उपलब्ध जगह के अनुसार बागवानी की योजना बनाने में मदद मिली।
प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का किया समाधान
कार्यक्रम के दौरान डॉ. विजय जैन और डॉ. अनिल चौहान ने प्रतिभागियों के सवालों के जवाब दिए। लोगों ने पौधों की वृद्धि, मिट्टी की गुणवत्ता, पोषण और कीटों से बचाव जैसे विषयों पर अपनी जिज्ञासाएं रखीं। विशेषज्ञों ने उनके प्रश्नों का समाधान करते हुए बागवानी को आसान और प्रभावी बनाने के उपाय बताए।
कार्यक्रम में निर्भय धाड़ीवाल ने स्वागत भाषण दिया, जबकि मंच संचालन लक्ष्य टारगेट ने किया। इस अवसर पर दलजीत बग्गा, डॉ. ए. आर. दल्ला, राम खटवानी, सुरेश बानी, नूपुर परगनिया और मनीषा त्रिवेदी सहित अनेक प्रकृति प्रेमी उपस्थित रहे।
निःशुल्क पौधे बांटकर किया प्रेरित
संगोष्ठी का प्रमुख आकर्षण फूलों और सब्जियों के पौधों का निःशुल्क वितरण रहा। इसके माध्यम से लोगों को अपने घरों, छतों और बालकनियों में छोटी-सी बगिया विकसित करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। घर पर सब्जियां उगाने से लोगों को ताजी उपज प्राप्त करने का अवसर मिल सकता है, वहीं पौधे आसपास के वातावरण को हराभरा और आकर्षक बनाने में भी योगदान देते हैं।
पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने की पहल
कार्यक्रम के सफल आयोजन में बैक टू नेचर सोसाइटी के अध्यक्ष मोहन वर्ल्यानी और सचिव निर्भय धाड़ीवाल का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इस आयोजन ने लोगों को प्रकृति से जुड़ने, हरियाली बढ़ाने और वैज्ञानिक तरीके से बागवानी अपनाने का संदेश दिया।
सोसाइटी की यह पहल शहरी जीवन में प्रकृति के लिए जगह बनाने की दिशा में उपयोगी साबित हो सकती है। यदि लोग अपने घरों में उपलब्ध थोड़ी-सी जगह का भी सही उपयोग करें, तो वहां फूलों के साथ मौसमी सब्जियां भी उगाई जा सकती हैं। इससे बागवानी के प्रति रुचि बढ़ेगी और पर्यावरण संरक्षण में जनभागीदारी को भी प्रोत्साहन मिलेगा।