पीएम स्वनिधि योजना से दुर्गा सिसोदिया को मिला आत्मनिर्भरता का सहारा, 50 हजार रुपये के ऋण से सिलाई व्यवसाय को मिली नई दिशा

रायपुर की महिला उद्यमी दुर्गा सिसोदिया के लिए पीएम स्वनिधि योजना आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में मददगार बनी है। योजना के तहत 50 हजार रुपये का ऋण मिलने से उन्होंने अपने घरेलू सिलाई व्यवसाय को बेहतर बनाने के लिए मशीन, कपड़े और अन्य जरूरी सामग्री की व्यवस्था की। इससे उन्हें अधिक ऑर्डर लेने और अपने हुनर को आगे बढ़ाने का अवसर मिला।

Oct 31, 2026 - 14:47
 0  2
पीएम स्वनिधि योजना से दुर्गा सिसोदिया को मिला आत्मनिर्भरता का सहारा, 50 हजार रुपये के ऋण से सिलाई व्यवसाय को मिली नई दिशा

UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l आर्थिक संसाधनों की कमी कई बार मेहनती लोगों के हुनर और आगे बढ़ने की राह में बाधा बन जाती है। ऐसे में समय पर मिलने वाली आर्थिक सहायता उनके लिए नई उम्मीद बन सकती है। राजधानी रायपुर की महिला उद्यमी दुर्गा सिसोदिया की कहानी भी इसी बदलाव को दर्शाती है। घरेलू जिम्मेदारियों के बीच सिलाई का काम करने वाली दुर्गा को पीएम स्वनिधि योजना के तहत 50 हजार रुपये का ऋण मिला, जिससे उन्हें अपना व्यवसाय बेहतर बनाने और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिला।

सीमित संसाधनों में जारी रखा सिलाई का काम

दुर्गा सिसोदिया लंबे समय से अपने घर पर सिलाई-बुनाई का कार्य कर रही थीं। सिलाई में उनकी रुचि और हुनर था, साथ ही वे अपने काम को आगे बढ़ाकर परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करना चाहती थीं। हालांकि, सीमित संसाधनों के कारण उनका व्यवसाय एक छोटे दायरे तक ही सीमित था।

परिवार की जिम्मेदारियों और रोजमर्रा के खर्चों के बीच अपने काम का विस्तार करना उनके लिए आसान नहीं था। वे चाहती थीं कि अधिक ऑर्डर मिलें, काम की गुणवत्ता बेहतर हो और अपनी मेहनत के दम पर परिवार को आर्थिक सहयोग दे सकें।

पीएम स्वनिधि योजना से मिली आर्थिक मदद

इसी दौरान पीएम स्वनिधि योजना के तहत उन्हें 50,000 रुपये का ऋण प्राप्त हुआ। इस आर्थिक सहायता से उन्हें अपने सिलाई व्यवसाय को व्यवस्थित करने और आवश्यक संसाधन जुटाने में मदद मिली।

ऋण राशि का उपयोग करते हुए दुर्गा ने सिलाई मशीन, कपड़े और सिलाई से संबंधित अन्य जरूरी सामग्री की व्यवस्था की। इससे उनकी काम करने की क्षमता बढ़ाने और ग्राहकों की जरूरत के अनुसार ऑर्डर पूरे करने में सहायता मिली। पहले जिन संसाधनों की कमी के कारण काम सीमित रह जाता था, उन्हें पूरा करने की दिशा में अब वे बेहतर प्रयास कर पा रही हैं।

हुनर के साथ बढ़ा आत्मविश्वास

आर्थिक सहायता मिलने के बाद दुर्गा सिसोदिया के लिए अपने काम को आगे बढ़ाने की संभावनाएं मजबूत हुई हैं। वे सिलाई के माध्यम से परिवार की आमदनी में योगदान देने और अपनी अलग पहचान बनाने की दिशा में लगातार प्रयास कर रही हैं।

उनके लिए यह बदलाव केवल ऋण राशि तक सीमित नहीं है, बल्कि अपने हुनर को बेहतर अवसर देने और आत्मसम्मान के साथ जीवन में आगे बढ़ने का माध्यम भी है। उनकी कहानी बताती है कि उचित आर्थिक सहयोग मिलने पर छोटे स्तर पर चलने वाला घरेलू व्यवसाय भी विकास की नई राह तलाश सकता है।

स्वरोजगार को बढ़ावा देने में योजनाओं की भूमिका

पीएम स्वनिधि योजना का उद्देश्य पात्र स्ट्रीट वेंडर्स को औपचारिक ऋण सुविधा उपलब्ध कराकर उनके व्यवसाय को आगे बढ़ाने में सहायता देना है। दुर्गा सिसोदिया की कहानी को स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार और आर्थिक सशक्तिकरण के महत्व से जोड़कर देखा जा सकता है।

यह उदाहरण दर्शाता है कि मेहनत, हुनर और वित्तीय सहायता का मेल लोगों को अपने व्यवसाय को बेहतर बनाने के लिए प्रोत्साहित कर सकता है। दुर्गा सिसोदिया अब अपने सिलाई कार्य को आगे बढ़ाने और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लक्ष्य के साथ निरंतर प्रयासरत हैं।