कोरबा में अमृत कलश के भीतर सजेगी अद्भुत ‘स्वप्न नगरी’, शिवाजी नगर गरबा पंडाल की खास थीम तैयार

कोरबा के शिवाजी नगर गरबा डांडिया एवं दशहरा उत्सव समिति की ओर से इस वर्ष गरबा उत्सव के लिए खास थीम तैयार की जा रही है। विशाल अमृत कलश के रूप में सजाए जा रहे पंडाल के भीतर 50 फीट लंबी अलौकिक गली से होते हुए दर्शक ‘स्वप्न नगरी’ में प्रवेश करेंगे। नीली रोशनी, छतरियों और आकर्षक कलाकृतियों से सजी इस स्वप्न नगरी में 9 दिनों तक माता रानी की आराधना और गरबा रास का आयोजन होगा।

Sep 30, 2026 - 13:46
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कोरबा में अमृत कलश के भीतर सजेगी अद्भुत ‘स्वप्न नगरी’, शिवाजी नगर गरबा पंडाल की खास थीम तैयार

UNITED NEWS OF ASIA. राहुल गुप्ता, कोरबा l शिवाजी नगर गरबा डांडिया एवं दशहरा उत्सव समिति की ओर से इस वर्ष गरबा उत्सव के लिए एक खास और आकर्षक थीम पर पंडाल तैयार किया जा रहा है। अपनी अनूठी सोच, रचनात्मक सजावट और भव्य थीम के लिए पहचान रखने वाली समिति इस बार ‘अमृत कलश’ और उसके भीतर ‘स्वप्न नगरी’ की परिकल्पना को साकार करने में जुटी है। पंडाल निर्माण का कार्य इन दिनों तेजी से चल रहा है।

इस वर्ष तैयार किया जा रहा भव्य पंडाल विशालकाय अमृत कलश के रूप में दिखाई देगा। आयोजन स्थल पर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं और दर्शकों के लिए प्रवेश द्वार को भी विशेष रूप दिया जा रहा है। समिति के अनुसार, विशाल अमृत कलश के आकर्षक मुख से प्रवेश करने के बाद लोगों को करीब 50 फीट लंबी अलौकिक और जादुई गली से होकर गुजरना होगा। इस कॉरिडोर को विशेष सजावट के साथ तैयार किया जा रहा है।

इस गली से आगे बढ़ने के बाद दर्शक और श्रद्धालु ‘स्वप्न नगरी’ में प्रवेश करेंगे। आयोजन स्थल को नीली रोशनी, आकर्षक छतरियों और विभिन्न कलाकृतियों से सजाने की तैयारी की जा रही है। समिति की योजना के अनुसार, पूरी सजावट ऐसा वातावरण तैयार करेगी, जिससे यहां आने वाले लोगों को एक अलग तरह के दृश्य अनुभव का अहसास हो।

इसी स्वप्न नगरी के वातावरण में 9 दिनों तक माता रानी की आराधना और गरबा रास का आयोजन किया जाएगा। नवरात्रि के दौरान आयोजन स्थल पर श्रद्धालुओं और गरबा प्रेमियों की भीड़ जुटने की उम्मीद है। समिति की ओर से आयोजन को भव्य और व्यवस्थित बनाने के लिए तैयारियां लगातार की जा रही हैं।

शिवाजी नगर गरबा डांडिया एवं दशहरा उत्सव समिति पिछले वर्ष भी अपनी रचनात्मक थीम के कारण चर्चा में रही थी। वर्ष 2025 में समिति ने बांस की पारंपरिक टोकनियों का रचनात्मक इस्तेमाल करते हुए एक अनोखा पंडाल तैयार किया था। समिति के अनुसार, इस सजावट को स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ दूर-दराज से पहुंचे श्रद्धालुओं और पर्यटकों से भी काफी सराहना मिली थी।

पिछले वर्ष की थीम की सफलता के बाद इस बार ‘अमृत कलश और स्वप्न नगरी’ को लेकर भी लोगों में उत्सुकता बनी हुई है। आयोजन समिति का कहना है कि इस बार पंडाल में आने वाले लोगों को सजावट के साथ एक अलग तरह का अनुभव देने का प्रयास किया जा रहा है।

कार्यक्रम की तैयारियों में समिति के पदाधिकारी और सदस्य दिन-रात जुटे हुए हैं। संयोजक सुधाकर वानखेडे और विनोद नायर, अध्यक्ष वैभव शर्मा, उपाध्यक्ष अनुज जायसवाल, सचिव नागेंद्र श्रीवास और कोषाध्यक्ष रामकुमार राठौर के साथ राजेश देवड़ा, इरफान खान, आयुष अग्रवाल, विजय वानखेडे, नरेश श्रीवास, गणपति झरबड़े, पुष्पेंद्र जायसवाल, प्रताप सिंह, विमल साहू, प्रभात साहू, निखिल ठाकुर, विनोद राठौर, विजेंद्र यादव और नरेंद्र जयसवाल सहित समिति के अन्य सदस्य तैयारियों में जुटे हैं।

समिति को उम्मीद है कि इस वर्ष अमृत कलश के भीतर सजाई जा रही स्वप्न नगरी और आकर्षक पंडाल जिलेवासियों के लिए गरबा उत्सव का प्रमुख आकर्षण बनेगा।