धमतरी के नगरी में निर्यात प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित, किसानों और उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जुड़ने की मिली जानकारी
धमतरी जिले के नगरी जनपद पंचायत में RAMP योजना के तहत निर्यात प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। किसानों और उद्यमियों को निर्यात प्रक्रिया, उत्पाद गुणवत्ता, पैकेजिंग, IEC पंजीयन, ODOP योजना और सरकारी सब्सिडी की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ना और स्वरोजगार को बढ़ावा देना रहा।
UNITED NEWS OF ASIA. धमतरी l छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में स्थानीय किसानों और उद्यमियों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा के मार्गदर्शन में जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, धमतरी के तत्वावधान में नगरी जनपद पंचायत में निर्यात प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम (CSIDC) के अंतर्गत संचालित रेजिंग एंड एक्सेलरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस (RAMP) योजना के तहत कृषि विकास सहकारी समिति के सहयोग से संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में किसानों, स्थानीय उद्यमियों और अन्य प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
किसानों और उद्यमियों को निर्यात प्रक्रिया की जानकारी
प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र, धमतरी के डीआरपी एवं मास्टर ट्रेनर डॉ. संदीप मेश्राम ने प्रतिभागियों को निर्यात से जुड़ी विभिन्न प्रक्रियाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्थानीय स्तर पर उत्पादित कृषि उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने के लिए गुणवत्ता, उचित पैकेजिंग और निर्धारित मानकों का पालन करना आवश्यक है। प्रशिक्षण में निर्यात व्यवसाय की संभावनाओं और बाजार विस्तार से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर भी चर्चा की गई।
उत्पाद गुणवत्ता और आकर्षक पैकेजिंग पर विशेष जोर
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को बताया गया कि किसी भी उत्पाद को बड़े बाजार में पहचान दिलाने के लिए उसकी गुणवत्ता और पैकेजिंग महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। आकर्षक पैकेजिंग से उत्पाद की बाजार में पहचान मजबूत हो सकती है। साथ ही नवाचार और आधुनिक तकनीकों को अपनाकर स्थानीय उद्यमी अपने उत्पादों को अधिक प्रतिस्पर्धी बना सकते हैं। किसानों को अपने कृषि उत्पादों के मूल्य संवर्धन और बेहतर विपणन की संभावनाओं के बारे में भी मार्गदर्शन दिया गया।
ODOP योजना और IEC पंजीयन की दी जानकारी
प्रशिक्षण में वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) योजना के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया। डॉ. संदीप मेश्राम ने प्रतिभागियों को बताया कि इस योजना के माध्यम से जिले के विशिष्ट उत्पादों को पहचान दिलाने और उनके व्यवसायिक विस्तार को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जाता है। इसके अतिरिक्त निर्यात कारोबार शुरू करने के लिए आवश्यक आयात-निर्यात कोड (IEC) पंजीयन की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित औद्योगिक योजनाओं, उपलब्ध सब्सिडी तथा उद्यमिता विकास से संबंधित सुविधाओं के बारे में भी प्रतिभागियों को अवगत कराया गया।
स्थानीय कृषि उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने की पहल
कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य धमतरी जिले में उत्पादित कृषि एवं स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने की संभावनाओं को बढ़ाना है। निर्यात संबंधी जानकारी मिलने से किसानों और उद्यमियों को अपने उत्पादों के लिए नए बाजार तलाशने में सहायता मिल सकती है। इससे स्थानीय स्तर पर व्यापारिक गतिविधियों के विस्तार के साथ रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर विकसित होने की संभावना है।
MSME क्षेत्र और स्वरोजगार को मिलेगा बढ़ावा
RAMP योजना के अंतर्गत आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) को प्रोत्साहित करने पर विशेष ध्यान दिया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य किसानों और स्थानीय उद्यमियों को निर्यात व्यवसाय के लिए आवश्यक जानकारी प्रदान करना तथा उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम में जनपद पंचायत सदस्य दुर्गेश नंदिनी साहू, आशीष साहू और नेहा नागपुरे सहित क्षेत्र के कृषक एवं अन्य प्रतिभागी उपस्थित रहे। इस पहल से नगरी क्षेत्र में कृषि आधारित उद्यमिता, उत्पादों के विपणन और निर्यात के प्रति जागरूकता बढ़ने की उम्मीद है।