छिंदवाड़ा एक्सीलेंस स्कूल में जागरूकता उमंग कार्यक्रम, 200 से 300 विद्यार्थियों को सुरक्षा और साइबर अपराधों की जानकारी

महिला थाना छिंदवाड़ा ने एक्सीलेंस स्कूल में जागरूकता उमंग कार्यक्रम आयोजित कर विद्यार्थियों को Good Touch-Bad Touch, POCSO Act, साइबर अपराध, महिला अपराध और नशे से दूरी जैसे विषयों पर जानकारी दी। कार्यक्रम में करीब 200 से 300 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की।

Sep 22, 2026 - 18:46
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छिंदवाड़ा एक्सीलेंस स्कूल में जागरूकता उमंग कार्यक्रम, 200 से 300 विद्यार्थियों को सुरक्षा और साइबर अपराधों की जानकारी

UNITED NEWS OF ASIA. यज्ञराज पटेल, छिंदवाड़ा l महिला थाना छिंदवाड़ा द्वारा विद्यार्थियों को उनके अधिकारों, सुरक्षा और साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से एक्सीलेंस स्कूल में “जागरूकता उमंग कार्यक्रम” आयोजित किया गया। कार्यक्रम में करीब 200 से 300 छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की। इस दौरान महिला थाना की निरीक्षक अरुणा वाहने, LHC/491 डिम्पल इनवाती और LHC/683 शकीला खान ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए विभिन्न सामाजिक और कानूनी विषयों की जानकारी दी। विद्यालय के प्राचार्य साहू सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को Good Touch और Bad Touch के बीच अंतर समझाया गया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यदि किसी व्यक्ति के व्यवहार या स्पर्श से उन्हें असहजता महसूस होती है तो ऐसी स्थिति को नजरअंदाज या छिपाना नहीं चाहिए। विद्यार्थियों को अपने माता-पिता, अभिभावक, शिक्षक या पुलिस को तत्काल जानकारी देने के लिए प्रेरित किया गया। बच्चों को यह भी समझाया गया कि असहज स्थिति में बिना डर के अपनी बात किसी भरोसेमंद व्यक्ति तक पहुंचाना उनकी सुरक्षा के लिए जरूरी है।

छात्र-छात्राओं को POCSO Act और बाल सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। पुलिस टीम ने बताया कि बच्चों को लैंगिक अपराधों से सुरक्षा प्रदान करने के लिए कानून में विशेष प्रावधान किए गए हैं। विद्यार्थियों को किसी भी अनुचित घटना की जानकारी विश्वसनीय व्यक्ति को देने तथा ऐसी घटनाओं को छिपाने से बचने के लिए जागरूक किया गया।

कार्यक्रम में साइबर क्राइम और ऑनलाइन सुरक्षा पर भी विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों को सोशल मीडिया, ऑनलाइन गेमिंग, फर्जी लिंक, अनजान व्यक्तियों से ऑनलाइन संपर्क और व्यक्तिगत जानकारी साझा करने से जुड़े संभावित जोखिमों के बारे में बताया गया। पुलिस अधिकारियों ने OTP और पासवर्ड किसी के साथ साझा नहीं करने, संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचने तथा मोबाइल और सोशल मीडिया अकाउंट की सुरक्षा के प्रति सावधानी बरतने की समझाइश दी।

महिला एवं बालिकाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों से संबंधित जानकारी देते हुए विद्यार्थियों को अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही नशे के दुष्परिणामों के बारे में बताते हुए विद्यार्थियों से नशे से दूर रहने और अपने साथियों को भी इससे बचने के लिए प्रेरित करने की अपील की गई।

महिला थाना की टीम ने विद्यार्थियों को समझाया कि किसी भी संदिग्ध, अनुचित या परेशान करने वाली घटना को नजरअंदाज करने के बजाय तत्काल माता-पिता, अभिभावक, शिक्षक या पुलिस को इसकी जानकारी दें। इंटरनेट और सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से उपयोग करने तथा अनजान लोगों से ऑनलाइन बातचीत में सावधानी बरतने पर भी जोर दिया गया।

महिला थाना छिंदवाड़ा के अनुसार, कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में सुरक्षा, जिम्मेदारी और साइबर जागरूकता की भावना विकसित करना तथा उन्हें किसी अप्रिय स्थिति में उचित सहायता लेने के लिए प्रेरित करना रहा। विद्यार्थियों की सुरक्षा और जागरूकता के लिए इस तरह के कार्यक्रम आगे भी आयोजित किए जाने की जानकारी दी गई।