बालोद में चक्रवात ‘अर्नब’ का असर! नेशनल हाईवे-930 पर गिरा पेड़, प्रशासन ने तत्काल शुरू की कार्रवाई
चक्रवात ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव और खराब मौसम की आशंका के बीच बालोद जिला प्रशासन सतर्क है। राष्ट्रीय राजमार्ग-930 पर जमरूवा गांव के पास पेड़ गिरने की सूचना मिलते ही राष्ट्रीय राजमार्ग, लोक निर्माण और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची। प्रशासन के अनुसार, मार्ग पर आवागमन सुचारू है और नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील की गई है।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में चक्रवात ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव और खराब मौसम की आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। जिलेवासियों और राहगीरों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए प्रशासन द्वारा एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में 28 अक्टूबर 2026 की रात राष्ट्रीय राजमार्ग-930 पर पेड़ गिरने की सूचना मिलते ही संबंधित विभागों ने उसे हटाने और यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने के लिए त्वरित कार्रवाई शुरू की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, राष्ट्रीय राजमार्ग-930 पर किलोमीटर 26/2 में जमरूवा गांव से लगभग 300 मीटर पहले सड़क के बाईं ओर एक पेड़ गिर गया। घटना की सूचना मिलते ही राष्ट्रीय राजमार्ग और राजस्व विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौके पर पहुंचे। पेड़ को हटाने तथा सड़क पर आवागमन सामान्य बनाए रखने के लिए संबंधित अमला आपसी समन्वय के साथ आवश्यक कार्रवाई में जुटा रहा।
कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देशानुसार जिले में संभावित चक्रवात और प्रतिकूल मौसम की स्थिति को ध्यान में रखते हुए संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि खराब मौसम के दौरान आम नागरिकों और राहगीरों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े तथा किसी भी आपात स्थिति में समय पर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
मौके पर राष्ट्रीय राजमार्ग के अनुविभागीय अधिकारी अनिल छारी और लोक निर्माण विभाग के अनुविभागीय अधिकारी दिनेश कुमार महेश्वरी उपस्थित रहे। राजस्व विभाग की ओर से तारसिंह खरे, अतिरिक्त तहसीलदार अनिरुद्ध धनेलिया तथा राजस्व निरीक्षक भी मौके पर मौजूद रहे। अधिकारियों और कर्मचारियों ने स्थिति का जायजा लेते हुए पेड़ हटाने और मार्ग पर आवागमन सुचारू बनाए रखने के लिए समन्वित प्रयास किए।
जिला प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, संबंधित मार्ग पर वर्तमान में आवागमन सुचारू रूप से संचालित हो रहा है। संभावित चक्रवात के प्रभाव को देखते हुए सड़क सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए सतर्कता बरती जा रही है। संबंधित विभागों को स्थिति पर नजर रखने और आवश्यकता के अनुसार तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन ने जिलेवासियों और राष्ट्रीय राजमार्ग से गुजरने वाले राहगीरों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतें। तेज हवा, बारिश या सड़क पर पेड़ अथवा अन्य बाधा दिखाई देने की स्थिति में अनावश्यक जोखिम न लें और मौके पर तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों के निर्देशों का पालन करें।
चक्रवात की आशंका के बीच जिला प्रशासन की यह कार्रवाई सड़क सुरक्षा और आपात प्रबंधन की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। प्रशासन ने नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सतर्कता बनाए रखने और आवश्यक कदम उठाने पर जोर दिया है।