Form 6 का इस्तेमाल नए मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में शामिल कराने के लिए किया जाता है। विवाद विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR प्रक्रिया से जुड़े एक अतिरिक्त घोषणा-पत्र को ऑनलाइन Form 6 के साथ जोड़े जाने को लेकर है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार इस अतिरिक्त घोषणा में आवेदक को अपने या माता-पिता अथवा दादा-दादी के नाम के पिछली विशेष पुनरीक्षण वाली मतदाता सूची में होने से संबंधित जानकारी देनी थी।
राहुल गांधी ने अपने बयान में इस बदलाव को लेकर चुनाव आयोग से जवाब मांगा है। उन्होंने सवाल किया कि आयोग के भीतर किस अधिकारी ने TCS को ऑनलाइन Form 6 में बदलाव करने का निर्देश दिया और TCS में किस अधिकारी ने इस पर हस्ताक्षर कर मंजूरी दी। साथ ही उन्होंने यह भी पूछा कि क्या इस प्रक्रिया में किसी तरह का दबाव बनाया गया था। ये सवाल राहुल गांधी के राजनीतिक बयान और आरोपों के तौर पर सामने आए हैं।
इस मामले में चुनाव आयोग का पक्ष अलग है। आयोग ने कहा है कि मूल वैधानिक Form 6 में कोई बदलाव नहीं किया गया था। उसके अनुसार SIR के दौरान संबंधित आदेशों के तहत Form 6 के साथ एक अतिरिक्त घोषणा-पत्र जोड़ा गया था। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया था कि SIR की अवधि समाप्त होने के बाद Registration of Electors Rules, 1960 के तहत निर्धारित सामान्य फॉर्म का इस्तेमाल किया जाएगा।
विवाद उस समय और बढ़ा जब रिपोर्टों में सामने आया कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने Form 6 में अतिरिक्त घोषणा को शामिल किए जाने पर आपत्ति दर्ज की थी। The Indian Express की रिपोर्ट के अनुसार दोनों चुनाव आयुक्तों ने SIR से जुड़े फैसलों और आदेशों को लेकर कई बार आपत्तियां दर्ज की थीं। हालांकि, चुनाव आयोग की ओर से यह भी कहा गया कि SIR से संबंधित आदेश आयोग की प्रक्रिया के तहत लिए गए थे और Form 6 में मूल वैधानिक बदलाव नहीं किया गया था।
30 सितंबर 2026 को चुनाव आयोग ने उन राज्यों में ऑनलाइन Form 6 से SIR से संबंधित अतिरिक्त घोषणा-पत्र हटा दिया, जहां SIR प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। यह घोषणा ECINET पोर्टल और संबंधित राज्यों के मुख्य निर्वाचन अधिकारी पोर्टल से भी हटाई गई। हालांकि, जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में SIR प्रक्रिया जारी है, वहां यह अतिरिक्त घोषणा उपलब्ध रहने की जानकारी दी गई है।
इससे पहले आयोग ने कहा था कि Form 6 अपने मूल स्वरूप में कायम है और SIR के दौरान अतिरिक्त घोषणा केवल उस विशेष प्रक्रिया के लिए लागू थी। आयोग ने ECINET सिस्टम के कामकाज की समीक्षा के लिए भी कदम उठाए हैं।
फिलहाल Form 6 को लेकर विवाद मुख्य रूप से इस सवाल पर केंद्रित है कि SIR के दौरान अतिरिक्त घोषणा-पत्र को ऑनलाइन प्रक्रिया में किस स्तर पर जोड़ा गया, इसकी मंजूरी और जिम्मेदारी किसकी थी और अलग-अलग राज्यों में इसे किस तरह लागू किया गया। राहुल गांधी ने इन बिंदुओं पर चुनाव आयोग और TCS से जवाब मांगा है, जबकि चुनाव आयोग ने इसे SIR से संबंधित अतिरिक्त आवश्यकता बताया है।