पिपलिया स्टेशन स्कूल में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम, विद्यार्थियों को दी गई काउंसलिंग

मल्हारगढ़ क्षेत्र के शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पिपलिया स्टेशन में उमंग-उज्ज्वल आनंदम कार्यक्रम के तहत मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम और विद्यालय के शिक्षकों ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य, सकारात्मक सोच और दैनिक जीवन की चुनौतियों से निपटने के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम में काउंसलिंग के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी मनःस्थिति समझने और शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया गया।

Oct 11, 2026 - 09:28
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पिपलिया स्टेशन स्कूल में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम, विद्यार्थियों को दी गई काउंसलिंग

UNITED NEWS OF ASIA.  महेश मरेठा, मल्हारगढ़ l शासकीय बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पिपलिया स्टेशन में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। उमंग-उज्ज्वल आनंदम कार्यक्रम के अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग की टीम, विद्यालय में संचालित संबंधित कार्यक्रमों और हेल्थ केयर विभाग के सहयोग से विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी विभिन्न जानकारियां दी गईं। इस दौरान काउंसलिंग के माध्यम से छात्रों को अपनी मनःस्थिति समझने, सकारात्मक विचार विकसित करने और जीवन में आने वाली परिस्थितियों का सामना करने के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग पिपलिया मंडी की आयुष मेडिकल ऑफिसर डॉ. प्रतिभा भाबर, महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता मंजू पिछोलिया, एएनएम मधुकांता शर्मा और उमंग काउंसलर मंजूलता जगावत ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने छात्रों को अपने विचारों और भावनाओं को समझने, मन में आने वाले विचारों के प्रति जागरूक रहने तथा मानसिक रूप से स्वस्थ रहने के महत्व से अवगत कराया। काउंसलिंग के माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी समस्याओं को समझने और आवश्यकता पड़ने पर उचित मार्गदर्शन लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को बताया गया कि शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्वास्थ्य भी जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। पढ़ाई, पारिवारिक परिस्थितियों और दैनिक जीवन में आने वाली चुनौतियों के बीच सकारात्मक सोच बनाए रखना आवश्यक है। अपनी मनःस्थिति को समझना और समस्याओं को लेकर उचित मार्गदर्शन प्राप्त करना विद्यार्थियों के आत्मविश्वास तथा व्यक्तित्व विकास में सहायक हो सकता है।

विद्यालय के प्राचार्य बी.आर. सिसोदिया ने विद्यार्थियों को व्यवहारिक जीवन में आने वाली कठिनाइयों और तात्कालिक परिस्थितियों के प्रति जागरूक रहने का मार्गदर्शन दिया। उन्होंने छात्रों से अपने शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए अध्ययन करने की अपील की। साथ ही आसपास के परिवेश को सकारात्मक दृष्टिकोण से समझने और परिस्थितियों के अनुसार सोच-समझकर निर्णय लेने की आवश्यकता पर जोर दिया।

इस अवसर पर उमंग-उज्ज्वल प्रभारी अंजुम शाह, विज्ञान शिक्षिका रीना वर्मा और हेल्थ केयर प्रभारी पूजा राठौर ने भी विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया। उन्होंने छात्रों को अपनी दिनचर्या, व्यवहार और विचारों के प्रति सजग रहने तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के महत्व से परिचित कराना और उन्हें जीवन की चुनौतियों का सामना करने के लिए जागरूक बनाना रहा। स्वास्थ्य विभाग और विद्यालय के संयुक्त प्रयास से आयोजित इस पहल ने छात्रों को अपनी मानसिक स्थिति को समझने, सकारात्मक सोच विकसित करने और जरूरत पड़ने पर परामर्श लेने के महत्व की जानकारी दी। ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों के समग्र विकास और स्वस्थ शैक्षणिक वातावरण को बढ़ावा देने में उपयोगी साबित हो सकते हैं।