छत्तीसगढ़ के राज्य स्तरीय रोजगार मेले में 5 हजार से अधिक युवाओं का चयन, मुख्यमंत्री ने 1,100 युवाओं को सौंपे ऑफर लेटर
रायपुर के सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में 7 और 8 अक्टूबर को आयोजित राज्य स्तरीय रोजगार मेले में 13 हजार से अधिक युवाओं ने हिस्सा लिया। इनमें से 5 हजार से अधिक अभ्यर्थियों का अंतिम चयन हुआ। समापन अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लगभग 1,100 चयनित युवाओं को ऑफर लेटर प्रदान किए। मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने इसे युवाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
UNITED NEWS OF ASIA. अमृतेश्वर सिंह, रायपुर l छत्तीसगढ़ में युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में आयोजित राज्य स्तरीय रोजगार मेले का 8 अक्टूबर 2026 को समापन हुआ। रायपुर के सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में 7 और 8 अक्टूबर को आयोजित इस दो दिवसीय मेले में प्रदेशभर से 13 हजार से अधिक युवाओं ने भाग लिया। आयोजन के दौरान 5 हजार से अधिक अभ्यर्थियों का अंतिम चयन किया गया। समापन अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लगभग 1,100 चयनित युवाओं को ऑफर लेटर प्रदान किए। तकनीकी शिक्षा, रोजगार एवं कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने इसे युवाओं को शिक्षा, कौशल और रोजगार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया।
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि छत्तीसगढ़ की युवा शक्ति प्रदेश के विकास की सबसे बड़ी ताकत है। सरकार का प्रयास है कि कोई भी युवा अपनी योग्यता और क्षमता के बावजूद रोजगार के अवसरों से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि रोजगार मेला युवाओं और उद्योगों को एक मंच पर लाने का प्रभावी माध्यम है। यहां कंपनियों के प्रतिनिधियों और अभ्यर्थियों के सीधे संपर्क से युवाओं को अपनी योग्यता के अनुरूप नौकरी प्राप्त करने का अवसर मिला। पांच हजार से अधिक युवाओं का अंतिम चयन प्रदेश के युवाओं की प्रतिभा और क्षमता को दर्शाता है।
13 हजार से अधिक युवाओं की भागीदारी
रोजगार मेले में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से युवा पहुंचे। इनमें आईटीआई, डिप्लोमा, इंजीनियरिंग, स्नातक और अन्य शैक्षणिक एवं व्यावसायिक योग्यताओं वाले अभ्यर्थी शामिल रहे। युवाओं ने अपनी रुचि और कौशल के अनुसार कंपनियों की चयन प्रक्रिया में हिस्सा लिया। दूरस्थ और आदिवासी अंचलों से आए युवाओं को भी रोजगार के अवसर तलाशने के लिए मंच मिला।
95 से अधिक नियोक्ता संस्थान हुए शामिल
आयोजन में 95 से अधिक पंजीकृत नियोक्ता संस्थानों के साथ अन्य कंपनियों ने भी भागीदारी की। परिसर में लगभग 50 स्टॉल लगाए गए थे, जहां अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन, साक्षात्कार और चयन प्रक्रिया संचालित की गई। विभिन्न औद्योगिक एवं सेवा क्षेत्रों की कंपनियों ने युवाओं की योग्यता और कौशल के अनुसार अवसर उपलब्ध कराए।
ई-रोजगार पोर्टल से चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता
रोजगार मेले में पंजीयन, आवेदन, उपस्थिति और चयन से जुड़ी प्रक्रियाओं को ई-रोजगार पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन संचालित किया गया। इससे प्रक्रिया को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के साथ अभ्यर्थियों तक रोजगार संबंधी जानकारी पहुंचाने में सहायता मिली।
कौशल विकास और उद्योगों के बीच बेहतर तालमेल पर जोर
मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि वर्तमान समय में केवल डिग्री या प्रमाण-पत्र पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप व्यावहारिक कौशल भी जरूरी है। इसी उद्देश्य से तकनीकी शिक्षा, आईटीआई, पॉलिटेक्निक, इंजीनियरिंग संस्थानों और कौशल विकास कार्यक्रमों को रोजगार से जोड़ने पर ध्यान दिया जा रहा है। मेले में रोजगार विभाग, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों, तकनीकी शिक्षा विभाग, पॉलिटेक्निक एवं इंजीनियरिंग महाविद्यालयों और छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास प्राधिकरण की सहभागिता रही।
मंत्री ने कहा कि एक युवा को रोजगार मिलना केवल उसकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे परिवार के भविष्य को मजबूत करने वाला कदम है। सरकार का लक्ष्य रोजगार, स्वरोजगार, कौशल प्रशिक्षण और उद्यमिता के माध्यम से युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। आने वाले समय में राज्य और जिला स्तर पर रोजगार मेलों तथा रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण कार्यक्रमों के जरिए अधिक से अधिक युवाओं को अवसरों से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।