बेमेतरा में टीबी मुक्त भारत अभियान के लिए JOSH TEAM का शुभारंभ, युवाओं की सहभागिता से बढ़ेगी जागरूकता
बेमेतरा में टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत JOSH TEAM का वर्चुअल शुभारंभ किया गया। टाउन हॉल में आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम में युवाओं, स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों और मितानिनों ने भाग लिया। जिले की 425 ग्राम पंचायतों में से 203 को टीबी मुक्त पंचायत के रूप में चिन्हित किया गया है। अभियान के तहत गांव-गांव टीबी की पहचान, जांच, उपचार और बचाव को लेकर जागरूकता बढ़ाई जाएगी।
UNITED NEWS OF ASIA. अरुण पुरेना, बेमेतरा l बेमेतरा जिले में टीबी मुक्त भारत अभियान को जनभागीदारी के साथ आगे बढ़ाने के उद्देश्य से JOSH TEAM का वर्चुअल शुभारंभ किया गया। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित इस जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन टाउन हॉल, बेमेतरा में किया गया। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के वर्चुअल कार्यक्रम के साथ आयोजित कार्यक्रम में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों, मितानिनों और युवाओं की सहभागिता रही।
कार्यक्रम में टीबी उन्मूलन अभियान में युवाओं, ग्राम पंचायतों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया गया। JOSH TEAM के माध्यम से युवाओं को टीबी उन्मूलन अभियान से जोड़ा जाएगा। टीम के सदस्य ग्राम स्तर पर टीबी के लक्षणों के प्रति लोगों को जागरूक करने, संभावित मरीजों की पहचान, जांच और उपचार के लिए प्रेरित करने का काम करेंगे। टीम में यूथ, एनएसएस, एनसीसी, युवा संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी।
जिले में टीबी मुक्त पंचायत अभियान के तहत 425 ग्राम पंचायतों में से 203 पंचायतों को टीबी मुक्त पंचायत के रूप में चिन्हित किया गया है। वर्ष 2024 में यह संख्या 145 थी। राष्ट्रीय आंकड़ों के अनुसार जिले में प्रति लाख आबादी पर लगभग 77 टीबी मरीज मिलने की जानकारी कार्यक्रम में दी गई। टीबी मुक्त पंचायत के लिए निर्धारित मापदंडों के अनुसार प्रति 1000 जनसंख्या पर कम से कम 30 टीबी जांच, टीबी मरीजों की संख्या 2 से कम, उपचार सफलता दर 95 प्रतिशत और निक्षय मित्र की शत-प्रतिशत सहभागिता जैसे मानकों पर काम किया जा रहा है।
जिले में वर्तमान में 651 निक्षय मित्र टीबी मरीजों को सहयोग प्रदान कर रहे हैं। निक्षय मित्रों के माध्यम से मरीजों को पोषण और अन्य आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के साथ नियमित उपचार के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। ब्लॉकवार आंकड़ों के अनुसार बेमेतरा में 165, साजा में 135, नवागढ़ में 130 और बेरला में 129 टीबी मरीज दर्ज हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा मरीजों की नियमित निगरानी और उपचार सुनिश्चित करने के साथ जागरूकता गतिविधियां भी संचालित की जा रही हैं।
कार्यक्रम में नागरिकों से अपील की गई कि यदि दो सप्ताह या उससे अधिक समय तक खांसी, शाम के समय बुखार, रात में पसीना आना, बलगम में खून, छाती में दर्द, भूख कम लगना या लगातार वजन कम होने जैसे लक्षण दिखाई दें तो टीबी की जांच जरूर कराएं। कार्यक्रम में बताया गया कि आधुनिक NAAT जांच जिला और विकासखंड स्तर पर निःशुल्क उपलब्ध है तथा टीबी का उपचार भी निःशुल्क किया जाता है। मरीजों को उपचार बीच में नहीं छोड़ने की सलाह दी गई, क्योंकि अधूरा उपचार ड्रग रेसिस्टेंट टीबी का कारण बन सकता है।
टीबी संक्रमण से बचाव के लिए खांसते या छींकते समय मुंह और नाक ढकने, स्वच्छता बनाए रखने और लक्षण होने पर समय पर जांच कराने के लिए भी लोगों को जागरूक किया गया। निक्षय पोषण योजना के तहत टीबी मरीजों को उपचार की पूरी अवधि के दौरान पौष्टिक आहार के लिए प्रतिमाह 1000 रुपये सीधे बैंक खाते में दिए जाने की जानकारी भी दी गई।
विधायक दीपेश साहू ने टीबी के खिलाफ लड़ाई में जनभागीदारी को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि JOSH TEAM के माध्यम से युवाओं को जोड़कर टीबी जांच, उपचार और बचाव का संदेश गांव-गांव तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने युवाओं और जिलेवासियों से टीबी के लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करने तथा समय पर निःशुल्क जांच कराकर उपचार पूरा करने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान टीबी मुक्त भारत अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों और मितानिनों को सम्मानित किया गया। उपस्थित लोगों ने टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने, मरीजों से भेदभाव समाप्त करने और उन्हें उपचार पूरा करने के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त प्रहलाद रजक, राजेंद्र शर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष विजय सिन्हा, जनपद प्रतिनिधि जय दिवाकर, शहर मंडल अध्यक्ष युगल देवांगन, पार्षद नीतू कोठारी, सीएमएचओ डॉ. शरद कोहाड़े सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। अभियान के तहत जिले में “टीबी हारेगा, देश जीतेगा” के संदेश के साथ जनजागरूकता गतिविधियों को आगे बढ़ाया जाएगा।