सेवा के रंग में दिखी विकसित भारत की झलक, लोरमी में आठ स्कूलों की बेटियों ने दिखाई प्रतिभा

लोरमी के मानस मंच में सेवा संकल्प अभियान के तहत विकासखंड स्तरीय ‘सेवा के रंग’ रंगोली कार्यक्रम आयोजित किया गया। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कलाकारों और छात्राओं की रंगोलियों का अवलोकन किया। करीब पौने दो क्विंटल सामग्री से तैयार विकसित भारत की रंगोली आकर्षण का केंद्र रही। आठ विद्यालयों की छात्राओं ने जल संरक्षण, स्वच्छता, डिजिटल इंडिया और नारी सशक्तिकरण जैसे विषयों को रंगोली के माध्यम से प्रस्तुत किया।

Sep 25, 2026 - 10:14
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सेवा के रंग में दिखी विकसित भारत की झलक, लोरमी में आठ स्कूलों की बेटियों ने दिखाई प्रतिभा

UNITED NEWS OF ASIA. लोरमी l सेवा संकल्प अभियान के तहत लोरमी के मानस मंच में विकासखंड स्तरीय ‘सेवा के रंग’ रंगोली कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कलाकारों और विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई आकर्षक रंगोलियों का अवलोकन किया। रंगोलियों के माध्यम से सेवा, स्वच्छता, जल संरक्षण, विकसित भारत, डिजिटल इंडिया और नारी सशक्तिकरण जैसे विषयों को रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया गया।

कार्यक्रम के दौरान अरुण साव ने छात्राओं से बातचीत कर उनकी बनाई रंगोलियों के विषय, उद्देश्य और संदेश की जानकारी ली। छात्राओं ने बताया कि उन्होंने सामाजिक जागरूकता और जनहित से जुड़े विभिन्न विषयों को रंगों और कलात्मक आकृतियों के माध्यम से प्रस्तुत करने का प्रयास किया है। उप मुख्यमंत्री ने छात्राओं की रचनात्मकता, उत्साह और प्रतिभा की सराहना की।

कार्यक्रम में आठ विद्यालयों की छात्राओं ने अलग-अलग विषयों पर रंगोलियां तैयार कीं। जल संरक्षण के माध्यम से पानी बचाने का संदेश दिया गया, वहीं स्वच्छ भारत और स्वच्छता से जुड़े विषयों के जरिए साफ-सफाई के प्रति जागरूकता का संदेश प्रस्तुत किया गया। डिजिटल इंडिया और नारी सशक्तिकरण जैसे विषयों को भी रंगोली के माध्यम से आकर्षक तरीके से प्रदर्शित किया गया।

कार्यक्रम का एक प्रमुख आकर्षण कोटा के रंगोली कलाकार रवि पैकरा द्वारा तैयार की गई विकसित भारत की भव्य रंगोली रही। करीब पौने दो क्विंटल सामग्री से तैयार इस रंगोली में विकसित भारत की कल्पना को कलात्मक रूप में प्रस्तुत किया गया। रंगोली को देखने के लिए कार्यक्रम में मौजूद लोगों और विद्यार्थियों में भी उत्साह देखने को मिला।

अरुण साव ने कहा कि रंगोली केवल सजावट का माध्यम नहीं है, बल्कि इसके जरिए सामाजिक संदेशों और जनजागरूकता के विषयों को भी प्रभावी ढंग से लोगों तक पहुंचाया जा सकता है। ‘सेवा के रंग’ कार्यक्रम में छात्राओं और कलाकारों ने सेवा भावना तथा विकसित भारत की कल्पना को रंगों के माध्यम से अभिव्यक्त किया है।

उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का उद्देश्य विकसित भारत की कल्पना को जन-जन तक पहुंचाना है। अभियान के माध्यम से लोगों को यह समझने के लिए प्रेरित किया जा रहा है कि विकसित भारत की परिकल्पना क्या है और इसके निर्माण में आम नागरिक की क्या भूमिका हो सकती है। सेवा, स्वच्छता और जनकल्याण से जुड़े कार्यों में नागरिकों की भागीदारी को भी अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया गया।

कार्यक्रम में छात्राओं ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा के साथ सामाजिक सरोकारों को भी सामने रखा। रंगोलियों में जल संरक्षण से लेकर स्वच्छता और महिला सशक्तिकरण तक के संदेशों को स्थान दिया गया। इससे विद्यार्थियों की कला प्रतिभा के साथ सामाजिक विषयों के प्रति उनकी जागरूकता भी प्रदर्शित हुई।

‘सेवा के रंग’ कार्यक्रम के माध्यम से सेवा संकल्प अभियान के संदेशों को रचनात्मक माध्यम से लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया गया। विकसित भारत की अवधारणा, स्वच्छता, जल संरक्षण और नारी सशक्तिकरण जैसे विषयों पर तैयार रंगोलियों ने कार्यक्रम को विशेष रूप से आकर्षक बनाया।