पांडातराई में 501 समरसता कन्या भोज का आयोजन, सामाजिक समानता और सेवा का दिया संदेश

कबीरधाम जिले के पांडातराई स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में रविवार को 501 समरसता कन्या भोज का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कन्याओं को भोज कराकर सम्मान और स्नेह व्यक्त किया गया। आयोजकों ने सामाजिक समानता, आपसी सद्भाव, भाईचारे और सेवा भावना को मजबूत करने का संदेश दिया। एबीवीपी नगर मंत्री हिरेंद्र बघेल और कार्यकर्ता तुलसी यादव ने सामाजिक समरसता को भारतीय संस्कृति का महत्वपूर्ण आधार बताते हुए युवाओं से समाजसेवा में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।

Oct 18, 2026 - 18:09
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पांडातराई में 501 समरसता कन्या भोज का आयोजन, सामाजिक समानता और सेवा का दिया संदेश

UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कबीरधाम l कबीरधाम जिले के पांडातराई स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में रविवार को 501 समरसता कन्या भोज का आयोजन किया गया। सामाजिक समरसता, समानता और सेवा भावना को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम में कन्याओं को श्रद्धापूर्वक भोज कराकर उनके प्रति सम्मान और स्नेह व्यक्त किया गया। आयोजन के माध्यम से समाज में आपसी सद्भाव, सहयोग, भाईचारे और समानता की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के नगर मंत्री हिरेंद्र बघेल ने कहा कि सामाजिक समरसता भारतीय संस्कृति की आत्मा है। समाज में कोई भी व्यक्ति छोटा या बड़ा नहीं होता, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति सम्मान और समानता का अधिकारी है। समरसता कन्या भोज जैसे आयोजन समाज के विभिन्न वर्गों को जोड़ने और आपसी भेदभाव को समाप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे कार्यक्रमों से प्रेम, सद्भाव और अपनत्व की भावना विकसित होती है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों और युवाओं को शिक्षा के साथ-साथ सेवा, सहयोग तथा सामाजिक दायित्वों के प्रति भी जागरूक रहना चाहिए।

कार्यकर्ता तुलसी यादव ने कहा कि प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी सभी के सहयोग, समर्पण और सेवाभाव से समरसता कन्या भोज का आयोजन किया गया। इस तरह के कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल कन्याओं को भोजन कराना नहीं, बल्कि समाज में समानता, सम्मान, भाईचारे और आपसी सद्भाव को बढ़ावा देना है। सामाजिक समरसता तभी मजबूत होगी, जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति बिना किसी भेदभाव के एक-दूसरे का सम्मान करेगा और सुख-दुख में सहभागी बनेगा।

तुलसी यादव ने आगे कहा कि उनकी टीम निरंतर सेवा कार्यों के माध्यम से समाज के बीच पहुंचकर सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास कर रही है। सेवा केवल किसी एक दिन तक सीमित रहने वाला कार्य नहीं, बल्कि जीवन में अपनाए जाने वाला संस्कार है। युवाओं और विद्यार्थियों में सेवा, सहयोग तथा सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करना आवश्यक है, ताकि वे समाजहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा सकें। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी कार्यकर्ताओं और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी सेवा, समरसता और जनजागरण से जुड़े कार्य जारी रखने की बात कही।

कार्यक्रम में हिरेंद्र बघेल, तुलसी यादव, अजय साहू, गोपाल जायसवाल, खेमलाल साहू, वीरेंद्र बघेल, अजय चंद्रवंशी, कालेश्वर निर्मलकर, वीरेंद्र चौहान, रूपेश भट्ट, वेदांत चौहान, वर्मा, लक्ष्मण पटेल, ओमकार यादव, रतना चंद्रवंशी, आरती चंद्रवंशी, स्थाई कार्यकर्ता विकी निर्मलकर, तुषार चंद्रवंशी, सचिन गुप्ता, आकाश वर्मा, मनचंद टंडन और शेषनारायण चंद्रवंशी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

आयोजन के दौरान कन्याओं को भोज कराकर उनके प्रति सम्मान और स्नेह प्रकट किया गया। कार्यक्रम ने सामाजिक एकता, समानता और सेवा के संस्कारों को प्रोत्साहित करने का संदेश दिया। आयोजकों ने कहा कि सामूहिक सहयोग और सहभागिता से ही समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।