दुर्ग ग्रामीण में कांग्रेस का ‘काला दिवस’ प्रदर्शन, जामुल में भैंस के सामने हॉर्न बजाकर जताया विरोध
दुर्ग ग्रामीण जिला कांग्रेस कमेटी ने 8 अक्टूबर को चुनावी व्यवस्था और लोकतांत्रिक संस्थाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर जिले के सभी 9 ब्लॉकों में 10 स्थानों पर विरोध प्रदर्शन किया। जामुल में जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर के नेतृत्व में भैंस के सामने हॉर्न बजाकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की चुप्पी पर प्रतीकात्मक विरोध जताया गया। कांग्रेस ने चुनावी व्यवस्था में निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने तथा ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग रखी।
UNITED NEWS OF ASIA. रोहितास सिंह भुवाल, दुर्ग l दुर्ग ग्रामीण जिला कांग्रेस कमेटी ने 8 अक्टूबर 2026 को भारतीय लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों को लेकर जिले के सभी 9 ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों के माध्यम से कुल 10 स्थानों पर विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस की ओर से इसे “काला दिवस” के रूप में मनाया गया। जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण के जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर के नेतृत्व में हुए इन प्रदर्शनों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लोकतांत्रिक संस्थाओं की रक्षा, संविधान की मर्यादा बनाए रखने और चुनावी व्यवस्था में निष्पक्षता एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग उठाई।
जामुल में आयोजित प्रदर्शन अपने प्रतीकात्मक तरीके के कारण चर्चा में रहा। यहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने भैंस के सामने हॉर्न बजाकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कथित चुप्पी पर व्यंग्यात्मक विरोध दर्ज कराया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग लगातार उठाई जा रही है, लेकिन उनकी ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल रही है। इसी को प्रतीकात्मक रूप से दिखाने के लिए भैंस के सामने हॉर्न बजाकर विरोध जताया गया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना था कि चुनावी व्यवस्था से जुड़े गंभीर सवालों पर मुख्य चुनाव आयुक्त को जवाब देना चाहिए। जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक संस्थाओं पर लगातार हमला कर रही है। उन्होंने कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व और इंडिया ब्लॉक के सांसदों के साथ कथित दुर्व्यवहार तथा कार्रवाई का भी विरोध किया। ये सभी आरोप कांग्रेस की ओर से लगाए गए हैं।
राकेश ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस के अनुसार यह आंदोलन किसी एक घटना तक सीमित नहीं है, बल्कि चुनावी व्यवस्था की विश्वसनीयता और संवैधानिक निष्पक्षता से जुड़े सवालों को लेकर है। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और चुनाव व्यवस्था की निष्पक्षता को बनाए रखने की मांग की। कांग्रेस ने कहा कि चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था पर जनता का विश्वास कायम रहना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए जरूरी है।
जिला कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर शिवपुरी जामुल, किसान चौक जामगांव आर, बाजार चौक कुम्हारी, आत्मानंद चौक पाटन, मुरमुंदा-अहिवारा, धमधा मेन रोड बस स्टैंड, अहिवारा, भिलाई-3 चरोदा, उतई और अंजोरा में विरोध प्रदर्शन आयोजित किए गए। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने “लोकतंत्र बचाओ” और “संविधान बचाओ” जैसे नारे लगाए। कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी और काले कपड़े पहनकर लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक संस्थाओं की रक्षा का संकल्प भी लिया।
प्रदर्शन के दौरान भिलाई-3 में महापौर निर्मल कोसरे सहित कृष्णा चंद्राकर, सुजीत बघेल, श्रीकांत वर्मा, टनेन्द्र ठाकरे, कुमुद मढ़रिया और पारस बंछोर समेत कई कांग्रेस नेता मौजूद रहे। जामुल में कमलेश साहू, करीम खान, प्रकाश ठाकुर, सुनीता चन्नेवार, सबीहा खान, सरोजनी चंद्राकर, रामप्यारी वर्मा और प्रवीण देवांगन सहित कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया।
मुरमुंदा, उतई और अन्य स्थानों पर भी बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि चुनावी संस्थाओं की निष्पक्षता और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। वहीं प्रदर्शन में लगाए गए आरोपों और मांगों पर संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट हो सकती है।