सेवा संकल्प अभियान के जन समस्या निवारण शिविर में मत्स्य हितग्राहियों को मिला लाभ
कोण्डागांव के मर्दापाल में आयोजित जिला स्तरीय जन समस्या निवारण शिविर में मत्स्य विभाग ने हितग्राहियों को जाल और आईस बॉक्स सहित आवश्यक सामग्री वितरित की। सुशासन तिहार के दौरान प्राप्त आवेदनों के निराकरण के तहत मछली पालन से जुड़े ग्रामीणों को आजीविका संवर्धन और आय वृद्धि के लिए सहायता प्रदान की गई।
UNITED NEWS OF ASIA. रामकुमार भारद्वाज, कोण्डागांव। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत 3 अक्टूबर 2026 को विकासखंड एवं जिला कोण्डागांव के मर्दापाल में जिला स्तरीय जन समस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा ग्रामीणों की समस्याओं और मांगों के निराकरण के साथ पात्र हितग्राहियों को शासन की योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया। इसी क्रम में मछली पालन विभाग द्वारा मत्स्य व्यवसाय से जुड़े हितग्राहियों को आवश्यक सामग्री का वितरण किया गया।
मछली पालन विभाग के माध्यम से हितग्राहियों को मत्स्याखेट जाल और आईस बॉक्स उपलब्ध कराए गए। विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह सामग्री ग्रामीण क्षेत्र में मछली पालन और मत्स्याखेट से जुड़े लोगों की आजीविका को मजबूत करने में सहायक होगी। सामग्री का वितरण वन मंत्री केदार कश्यप द्वारा प्रदाय किए जाने की जानकारी दी गई।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि सुशासन तिहार के दौरान प्राप्त आवेदनों के त्वरित निराकरण के तहत ग्राम हसलनार के हितग्राही हेमकुमार कोर्राम को मत्स्याखेट जाल प्रदान किया गया। वहीं ग्राम बड़े कुसुरनार के हेमराज कश्यप को आईस बॉक्स उपलब्ध कराया गया। आवश्यक सामग्री मिलने से दोनों हितग्राहियों को अपने मत्स्य व्यवसाय को आगे बढ़ाने में सहायता मिलेगी।
इसी प्रकार ग्राम लखापुरी के पीलाराम वट्टी को उनके द्वारा निर्मित तालाब में मत्स्य पालन एवं मत्स्याखेट के लिए जाल उपलब्ध कराया गया। विभाग का कहना है कि मत्स्य पालन से संबंधित योजनाओं के माध्यम से ग्रामीणों को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने और उनकी आय बढ़ाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था में आजीविका का महत्वपूर्ण साधन है। तालाब और जल स्रोतों का उपयोग कर ग्रामीण परिवार मछली पालन के माध्यम से अतिरिक्त आय प्राप्त कर सकते हैं। इसी उद्देश्य से विभाग द्वारा पात्र हितग्राहियों को आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने की पहल की जा रही है। मर्दापाल में आयोजित शिविर में सामग्री वितरण इसी दिशा में एक कदम बताया गया।
शिविर में शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी ग्रामीणों को दी गई। अधिकारियों ने पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया और विभागीय प्रावधानों की जानकारी दी। ग्रामीणों की समस्याओं को सुनकर संबंधित विभागों द्वारा उनके निराकरण की दिशा में आवश्यक कार्रवाई किए जाने की बात कही गई।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष रीता शोरी, जनपद पंचायत अध्यक्ष अनीता कोर्राम, उपाध्यक्ष टोमेंद्र ठाकुर, जिला पंचायत सदस्य रामदई नाग सहित जिला पंचायत सीईओ अविनाश भोई, अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित इस जिला स्तरीय शिविर के माध्यम से ग्रामीणों को उनके क्षेत्र में ही विभिन्न विभागों की योजनाओं और सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया। मत्स्य हितग्राहियों को जाल और आईस बॉक्स मिलने से मछली पालन एवं मत्स्याखेट से जुड़ी गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इससे ग्रामीणों के लिए स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने और उनकी आजीविका को मजबूत करने में मदद मिल सकती है।