25 साल बाद नदिया पारा में बाढ़, 50–60 परिवार प्रभावित; नगर पंचायत ने संभाली राहत व्यवस्था

गुंडरदेही नगर पंचायत क्षेत्र के नदिया पारा में लगातार तीन दिनों की भारी बारिश के बाद बाढ़ की स्थिति बन गई। करीब 25 वर्षों बाद पहली बार पानी घरों तक पहुंचने से 50–60 परिवार प्रभावित हुए। नगर पंचायत अध्यक्ष प्रमोद जैन ने मौके पर पहुंचकर राहत व्यवस्था का जायजा लिया और प्रभावित परिवारों के लिए सुरक्षित ठहरने, भोजन एवं चाय-नाश्ते की व्यवस्था कराई।

Sep 26, 2026 - 12:37
 0  2
25 साल बाद नदिया पारा में बाढ़, 50–60 परिवार प्रभावित; नगर पंचायत ने संभाली राहत व्यवस्था

UNITED NEWS OF ASIA. लीलाधर साहू, गुंडरदेही l नगर पंचायत गुंडरदेही के नदिया पारा, जिसे दामाद पारा के नाम से भी जाना जाता है, में लगातार तीन दिनों से हो रही भारी बारिश के कारण बाढ़ की स्थिति निर्मित हो गई है। करीब 25 वर्षों बाद पहली बार इस क्षेत्र में बाढ़ का पानी घरों तक पहुंचा है। पानी भरने से लगभग 50 से 60 परिवार प्रभावित हुए हैं। स्थिति को देखते हुए नगर पंचायत और प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव व्यवस्था शुरू की।

बाढ़ की सूचना मिलते ही नगर पंचायत अध्यक्ष प्रमोद जैन, उपाध्यक्ष विजय सोनकर, CMO कोमल ठाकुर, तहसीलदार, पटवारी सहित नगर पंचायत के अधिकारी-कर्मचारी प्रभावित क्षेत्र में पहुंचे। टीम ने मौके का निरीक्षण कर बाढ़ प्रभावित परिवारों की स्थिति का जायजा लिया और लोगों से चर्चा कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली।

प्रभावित परिवारों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए नगर पंचायत की ओर से उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। प्रभावित लोगों के ठहरने के लिए सेन समाज भवन सहित अन्य समाज भवनों में व्यवस्था की गई है। राहत स्थलों पर लोगों के लिए चाय-नाश्ता और भोजन की व्यवस्था भी की जा रही है, ताकि बारिश और बाढ़ के बीच किसी परिवार को भोजन या ठहरने को लेकर परेशानी का सामना न करना पड़े।

नगर पंचायत अध्यक्ष प्रमोद जैन ने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिए कि राहत स्थलों पर ठहरे लोगों की आवश्यकताओं का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि प्रभावित परिवारों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए और जरूरत के अनुसार उन्हें तत्काल सहायता उपलब्ध कराई जाए।

बाढ़ से प्रभावित मकानों और अन्य नुकसान का आकलन करने के लिए पटवारी को निर्देश दिए गए हैं। पटवारी प्रभावित घरों का निरीक्षण कर नुकसान का विवरण तैयार करेंगे। इसके आधार पर नियमानुसार शासन से प्रभावित परिवारों को सहायता और मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा।

प्रमोद जैन ने कहा कि करीब 25 वर्षों में पहली बार इस तरह बाढ़ का पानी घरों तक पहुंचा है। ऐसी स्थिति में नगर पंचायत प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और हर संभव सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से घबराने के बजाय सावधानी बरतने की अपील की।

उन्होंने नागरिकों से कहा कि बाढ़ के पानी से दूर रहें और अनावश्यक रूप से प्रभावित क्षेत्रों में जाने से बचें। किसी भी तरह की परेशानी होने पर नगर पंचायत या प्रशासन को तत्काल सूचना दें। प्रशासन और नगर पंचायत की टीम लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य किए जा रहे हैं।

नगर पंचायत की ओर से प्रभावित परिवारों की सुरक्षा, भोजन और ठहरने की व्यवस्था को प्राथमिकता दी जा रही है। लगातार बारिश के बीच प्रशासन और स्थानीय निकाय की टीम स्थिति पर नजर बनाए हुए है।