कोंडागांव: ‘अतिक्रमण हटाओ, जंगल बचाओ’ अभियान के तहत अवैध कोदो-कुटकी की फसल नष्ट
छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में ‘अतिक्रमण हटाओ, जंगल बचाओ’ अभियान के तहत बड़ेडोंगर वन परिक्षेत्र के चनियागांव में वन भूमि पर की गई अवैध खेती के खिलाफ कार्रवाई की गई। वन विभाग की टीम ने फसल नाशक का छिड़काव कर कोदो-कुटकी की फसल नष्ट की। कार्रवाई में वन विभाग के साथ पुलिस और राजस्व विभाग की टीम भी मौजूद रही।
UNITED NEWS OF ASIA. रामकुमार भारद्वाज, कोंडागांव l छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में वन भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराने के उद्देश्य से वन विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘अतिक्रमण हटाओ, जंगल बचाओ’ अभियान के तहत अवैध खेती के खिलाफ कार्रवाई की गई। 13 अक्टूबर को बड़ेडोंगर वन परिक्षेत्र के अंतर्गत ग्राम चनियागांव के वन क्षेत्र में वन भूमि पर अतिक्रमण कर लगाई गई कोदो-कुटकी की फसल को नष्ट किया गया। इस कार्रवाई में वन विभाग के साथ पुलिस और राजस्व विभाग की टीम भी मौजूद रही।
वन भूमि पर अवैध खेती के खिलाफ कार्रवाई
प्राप्त जानकारी के अनुसार, केशकाल वनमंडलाधिकारी दिव्या गौतम एवं उप वनमंडलाधिकारी फरसगांव हेमलता देव के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई। वन परिक्षेत्र बड़ेडोंगर के अंतर्गत उप परिक्षेत्र देवगांव के कक्ष क्रमांक OA-1406 में वन विभाग की टीम पहुंची और वन भूमि पर की गई खेती को हटाने की कार्रवाई की। इस दौरान अतिक्रमित भूमि पर लगाई गई कोदो-कुटकी की फसल पर फसल नाशक का छिड़काव कर उसे नष्ट किया गया।
वन विभाग के अनुसार, वन क्षेत्रों को अतिक्रमण से मुक्त कराना और जंगलों का संरक्षण करना अभियान का प्रमुख उद्देश्य है। वन भूमि पर अवैध रूप से खेती किए जाने के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन भूमि पर अतिक्रमण के विरुद्ध आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।
संयुक्त टीम की मौजूदगी में हुई कार्रवाई
ग्राम चनियागांव के वन क्षेत्र में की गई इस कार्रवाई के दौरान बड़ेडोंगर के परिक्षेत्र अधिकारी योगेंद्र समुंद, देवगांव की सहायक परिक्षेत्र अधिकारी संध्या नाग सहित वन परिक्षेत्र के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। इसके अलावा वन प्रबंधन समिति एवं ग्राम पंचायत के सदस्यों ने भी कार्रवाई में सहभागिता निभाई। पुलिस विभाग और राजस्व विभाग के कर्मचारियों की मौजूदगी में संयुक्त रूप से कार्रवाई की गई।
जंगल संरक्षण के लिए अभियान जारी
वन विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘अतिक्रमण हटाओ, जंगल बचाओ’ अभियान का उद्देश्य वन भूमि पर अवैध कब्जों को रोकना और प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। वन क्षेत्रों में अतिक्रमण होने से जंगलों के संरक्षण और संवर्धन के प्रयास प्रभावित हो सकते हैं। ऐसे में विभाग द्वारा अतिक्रमण के मामलों पर निगरानी रखकर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
बड़ेडोंगर वन परिक्षेत्र के चनियागांव में कोदो-कुटकी की फसल नष्ट करने की कार्रवाई इसी अभियान का हिस्सा है। वन विभाग ने कहा है कि वन क्षेत्रों को अतिक्रमण से मुक्त कराने तथा जंगलों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए आगामी समय में भी अभियान निरंतर चलाया जाएगा।