कवर्धा में धान खरीदी की तैयारियों की समीक्षा, कलेक्टर ने दिए सख्त निर्देश
कबीरधाम जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के तहत समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियों को लेकर कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने वास्तविक किसानों के वास्तविक रकबे से ही धान खरीदी करने, अवैध खरीदी-बिक्री पर रोक लगाने और जिले के 145 उपार्जन केंद्रों में सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा l कबीरधाम जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के अंतर्गत समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियों को लेकर जिला प्रशासन ने कवायद तेज कर दी है। कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने 13 अक्टूबर को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में राजस्व, खाद्य, सहकारिता एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक लेकर धान खरीदी की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में धान खरीदी का कार्य सुचारू, पारदर्शी और निर्विघ्न तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर पूरी की जाएं।
कलेक्टर ने समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को शासन की प्राथमिकता वाला महत्वपूर्ण कार्य बताते हुए स्पष्ट किया कि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही या त्रुटि बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि धान खरीदी केवल वास्तविक किसानों के वास्तविक रकबे के आधार पर ही की जाए। साथ ही व्यापारियों, बिचौलियों और कोचियों के माध्यम से होने वाली अवैध धान खरीदी एवं बिक्री पर प्रभावी रोक लगाने के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं। इसके लिए राजस्व विभाग, नोडल अधिकारियों और संबंधित विभागों को लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए गए।
जिले में धान खरीदी व्यवस्था को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से कुल 145 उपार्जन केंद्रों की प्रारंभिक तैयारियां की जा रही हैं। इनमें 108 पहले से संचालित केंद्र और 37 नवीन उपार्जन केंद्र शामिल हैं। कलेक्टर ने सभी केंद्रों में निर्धारित मापदंडों के अनुसार एल-4 मार्किंग और अन्य जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया। नवीन उपार्जन केंद्रों के लिए उपयुक्त स्थल चयन, खरीदी प्रभारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति, सुगम पहुंच मार्ग, भवन और कार्यालय की उपलब्धता तथा चबूतरे और फड़ का समतलीकरण प्राथमिकता से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
धान खरीदी केंद्रों में किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए शुद्ध पेयजल, छायादार स्थान, विश्राम शेड, शौचालय, बैठने के लिए कुर्सी-टेबल और प्राथमिक उपचार पेटी की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया। इसके अलावा परिसर की सुरक्षा, बाउंड्रीवाल या फेंसिंग, जल निकासी, कैप कवर और सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। तौल कांटों एवं बाटों का सत्यापन कर वैध प्रमाण-पत्र उपलब्ध रखने के साथ कंप्यूटर, प्रिंटर, जनरेटर, बिजली, बारदाना, सुतली और अन्य आवश्यक सामग्री की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया।
कलेक्टर ने सभी उपार्जन केंद्रों में आवश्यक सूचनाओं, फ्लेक्स, सूचना पटल और हितग्राहियों की सूची प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए। जरूरत के अनुसार चेक पोस्ट और मंडी चेक पोस्ट से संबंधित व्यवस्थाएं पूरी करने पर जोर दिया गया। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक अग्रवाल, अपर कलेक्टर नरेंद्र पैकरा, सभी एसडीएम, जिला खाद्य अधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार तथा खाद्य एवं सहकारिता सहित अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। प्रशासन का उद्देश्य धान खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाते हुए किसानों को केंद्रों पर बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करना है।