कवर्धा में कुपोषण रोकथाम पर कलेक्टर तुलिका प्रजापति सख्त, गर्भवती महिलाओं और बच्चों को मुनगा के पौधे देने के निर्देश
कबीरधाम कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने समय-सीमा की बैठक में जिले में कुपोषण की रोकथाम के लिए प्रभावी उपाय करने के निर्देश दिए। गर्भवती महिलाओं, एनीमिक महिलाओं और छोटे बच्चों को चिन्हित कर आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से मुनगा के पौधे वितरित करने को कहा गया। बैठक में ई-ऑफिस, बायोमेट्रिक उपस्थिति, मेडिकल कॉलेज अस्पताल, लंबित प्रकरणों और विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई।
UNITED NEWS OF ASIA. सौरभ नामदेव, कवर्धा। कबीरधाम जिले में कुपोषण की रोकथाम के लिए प्रभावी उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने दिए हैं। तेरह अक्टूबर दो हजार छब्बीस को संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक में उन्होंने महिला एवं बाल विकास विभाग को गर्भवती महिलाओं, एनीमिक महिलाओं और छोटे बच्चों को चिन्हित कर मुनगा के पौधे वितरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से पौधों का समुचित वितरण सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के मार्गदर्शन में कार्ययोजना तैयार करने को भी कहा गया।
बैठक में कलेक्टर ने जिले में ई-ऑफिस के क्रियान्वयन की प्रगति की समीक्षा की। कबीरधाम जिले के ई-ऑफिस व्यवस्था में शीर्ष पांच जिलों में शामिल होने पर उन्होंने अधिकारी-कर्मचारियों के कार्यों की सराहना की और बधाई दी। उन्होंने सभी विभाग प्रमुखों को कार्यालयीन कार्य ई-ऑफिस के माध्यम से संपादित करने के निर्देश दिए। ई-ऑफिस के प्रभावी संचालन के लिए प्रत्येक गुरुवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में संबंधित लिपिकों का प्रशिक्षण आयोजित करने को भी कहा गया।
लंबित प्रकरणों के समय पर निराकरण के निर्देश
कलेक्टर ने विभागवार समय-सीमा के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्धारित समयावधि में गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने उच्च न्यायालय में लंबित मामलों की भी समीक्षा की और सभी विभाग प्रमुखों से इन प्रकरणों को प्राथमिकता के साथ समय पर निराकृत करने को कहा। जिले में आयोजित सेवा सेतु शिविरों में प्राप्त आवेदनों की स्थिति की जानकारी लेते हुए उन्होंने सभी आवेदनों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए।
बैठक में अधिकारी-कर्मचारियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया कि सभी अधिकारी-कर्मचारी कार्यालय अथवा कार्यस्थल पहुंचने के बाद सुबह दस बजे और शाम पांच बजकर तीस मिनट पर कार्यालय से प्रस्थान करते समय अनिवार्य रूप से बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज करें। इस व्यवस्था का पालन सुनिश्चित कराने की जिम्मेदारी संबंधित विभाग प्रमुखों को दी गई।
मेडिकल कॉलेज और छात्रावास की व्यवस्थाओं की समीक्षा
कलेक्टर तुलिका प्रजापति ने कवर्धा स्थित शासकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल और छात्रावास की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने मेडिकल कॉलेज के डीन तथा छत्तीसगढ़ मेडिकल कॉर्पोरेशन के अधिकारियों को निर्माण कार्यों में शत-प्रतिशत गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों को मेडिकल कॉलेज छात्रावास का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाओं का अवलोकन करने और जरूरी सुधार सुनिश्चित कराने को कहा।
सुघ्घर छत्तीसगढ़ अभियान की प्रगति पर जोर
बैठक में जिले में सुघ्घर छत्तीसगढ़ अभियान के कार्यों की प्रगति की समीक्षा भी की गई। कलेक्टर ने सभी विभाग प्रमुखों को संबंधित पोर्टल में प्रविष्टि का कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। इसके अलावा बोड़ला विकासखंड के तरेगांव स्थित शासकीय एकलव्य आवासीय विद्यालय की व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को संयुक्त रूप से निरीक्षण कर आवश्यक सुविधाओं का जायजा लेने को कहा।
बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक अग्रवाल, अपर कलेक्टर नरेंद्र पैकरा और सागर सिंह राज सहित राजस्व अनुविभागीय अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने सभी विभागों को निर्देशों का समय पर पालन करते हुए जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।