गुण्डरदेही में पूर्व जिला बदर आरोपी गिरफ्तार, मारपीट और जान से मारने की धमकी का मामला
बालोद जिले के गुण्डरदेही में रजिस्ट्री कार्यालय के सामने शराब पीने के लिए पैसे मांगने, गाली-गलौज, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में पुलिस ने युवराज तम्बोली को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ सितंबर 2026 में जिला बदर की कार्रवाई भी की जा चुकी है। वर्तमान मामले में बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया।
UNITED NEWS OF ASIA. सुनील साहू, बालोद l बालोद जिले के गुण्डरदेही थाना क्षेत्र में मारपीट और जान से मारने की धमकी के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान युवराज तम्बोली, उम्र 38 वर्ष, निवासी वार्ड क्रमांक 12 गुण्डरदेही के रूप में हुई है। आरोपी के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक गतिविधियों के चलते सितंबर 2026 में जिला बदर की कार्रवाई किए जाने की जानकारी पुलिस ने दी है। इसके बावजूद दोबारा आपराधिक घटना में संलिप्त होने के आरोप में पुलिस ने कार्रवाई की है।
पुलिस के मुताबिक घटना 5 अक्टूबर 2026 को गुण्डरदेही स्थित रजिस्ट्री कार्यालय के सामने हुई। प्रार्थी वेदप्रकाश सोनकर अपने साथी तामेश्वर कुमार सोनकर के साथ रजिस्ट्री संबंधी कार्य से कार्यालय पहुंचे थे। रजिस्ट्री का काम पूरा होने के बाद दोनों कार्यालय के सामने बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान आरोपी युवराज तम्बोली वहां पहुंचा और शराब पीने के लिए प्रार्थी से पैसे मांगने लगा।
आरोप है कि प्रार्थी द्वारा पैसे देने से मना करने पर युवराज तम्बोली ने गाली-गलौज करते हुए उसके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी। पुलिस के अनुसार मारपीट के दौरान प्रार्थी के दायें गाल और पीठ में चोट आई। घटना के बाद प्रार्थी ने मामले की शिकायत थाना गुण्डरदेही में दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 314/2026 दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू की। पुलिस के अनुसार प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 115(2), 351(3), 119(1) और 223 के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। विवेचना के दौरान पुलिस ने संबंधित गवाहों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपी युवराज तम्बोली को 6 अक्टूबर 2026 को गिरफ्तार किया।
पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपी के विरुद्ध सितंबर 2026 में जिला बदर की कार्रवाई की जा चुकी थी। पुलिस के अनुसार इसके बावजूद आरोपी दोबारा आपराधिक गतिविधि में शामिल पाया गया। वर्तमान मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेजे जाने की जानकारी पुलिस ने दी है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी गुण्डरदेही निरीक्षक रविषंकर पाण्डेय के नेतृत्व में सहायक उप निरीक्षक अरविंद साहू, आरक्षक यशवंत देशमुख और आरक्षक पंकज तारम की भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में मारपीट, धमकी, गाली-गलौज और अन्य आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है।
गुण्डरदेही पुलिस ने आमजन से अपील की है कि क्षेत्र में किसी भी प्रकार की आपराधिक या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें। पुलिस ने कहा है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण के लिए नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।