कांग्रेस की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, ऑनलाइन बैठक में जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण के अध्यक्ष राकेश ठाकुर, दुर्ग शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल और भिलाई नगर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर शामिल हुए। बैठक में 28 सितंबर को होने वाले विरोध कार्यक्रम की रूपरेखा, संगठनात्मक तैयारियों और कार्यकर्ताओं की भागीदारी को लेकर चर्चा की गई।
कांग्रेस ने बताया कि 28 सितंबर को दुर्ग में कार्यकर्ता काला कपड़ा पहनकर विरोध मार्च में शामिल होंगे। पार्टी के मुताबिक, यह कार्यक्रम निर्वाचन प्रक्रिया और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों को लेकर आयोजित किया जा रहा है। कांग्रेस ने अपने जिला, ब्लॉक, मंडल और बूथ स्तर के पदाधिकारियों के साथ मोर्चा-प्रकोष्ठों के कार्यकर्ताओं से कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 28 सितंबर को सुबह 11:30 बजे राजीव भवन, दुर्ग से विरोध मार्च शुरू होगा। मार्च शहर के विभिन्न मार्गों से होते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचेगा। इसके बाद पुतला दहन कार्यक्रम आयोजित किए जाने की जानकारी कांग्रेस की ओर से दी गई है।
राष्ट्रीय स्तर पर भी कांग्रेस ने 28 सितंबर को जिला कांग्रेस समितियों के माध्यम से जिला कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च आयोजित करने का कार्यक्रम घोषित किया है। पार्टी की ओर से यह अभियान मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ लगाए जा रहे आरोपों, निर्वाचन प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर चलाया जा रहा है।
कांग्रेस के अनुसार, पार्टी निर्वाचन प्रक्रिया और मतदाता सूची में हुए बदलावों की स्वतंत्र समीक्षा सहित कई मांगों को लेकर विरोध दर्ज करा रही है। हालांकि, इन मुद्दों पर कांग्रेस के आरोप और मांगें पार्टी का राजनीतिक पक्ष हैं, जिन्हें संबंधित संस्थाओं की ओर से स्वतंत्र रूप से स्वीकार किया जाना अलग विषय है।
दुर्ग में होने वाले कार्यक्रम को लेकर जिला कांग्रेस नेतृत्व ने सभी जिला पदाधिकारियों, ब्लॉक एवं मंडल अध्यक्षों, सेक्टर और बूथ पदाधिकारियों, मोर्चा-प्रकोष्ठों के पदाधिकारियों तथा कार्यकर्ताओं से निर्धारित समय पर राजीव भवन पहुंचने की अपील की है। पार्टी ने अधिक से अधिक संख्या में कार्यकर्ताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए संगठन स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी हैं।
इस तरह 28 सितंबर का विरोध मार्च दुर्ग में कांग्रेस के संगठनात्मक प्रदर्शन के रूप में आयोजित किया जाएगा, जिसमें कार्यकर्ता काला कपड़ा पहनकर शामिल होने की तैयारी कर रहे हैं।