राहुल गांधी का ‘चलो दिल्ली मार्च’ शुरू, बोले- कोई भी आए, ये शिवजी की बारात; सुप्रीम कोर्ट तक जाएगा INDIA ब्लॉक

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने विपक्ष के ‘चलो दिल्ली मार्च फॉर डेमोक्रेसी’ को संविधान बचाने की मुहिम बताया है। उन्होंने कहा कि यह शिवजी की बारात की तरह है, जिसमें कोई भी शामिल हो सकता है। कांग्रेस समेत INDIA ब्लॉक के नेता मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़े मुद्दों को लेकर सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं। वहीं, केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि पार्टी अपनी चुनावी हार के लिए संवैधानिक संस्थाओं को जिम्मेदार ठहराती है। दिल्ली में प्रदर्शन स्थलों को लेकर हुए बदलाव का मुद्दा भी चर्चा में है।

Oct 12, 2026 - 15:26
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राहुल गांधी का ‘चलो दिल्ली मार्च’ शुरू, बोले- कोई भी आए, ये शिवजी की बारात; सुप्रीम कोर्ट तक जाएगा INDIA ब्लॉक

UNITED NEWS OF ASIA. कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोमवार को विपक्ष के ‘चलो दिल्ली मार्च फॉर डेमोक्रेसी’ को संविधान बचाने की मुहिम बताया। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसी सरकार के खिलाफ नहीं, बल्कि संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए है। मार्च को लेकर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने कहा कि विपक्ष का यह आंदोलन शिवजी की बारात की तरह है, जिसमें कोई भी शामिल हो सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, विपक्ष अपनी लड़ाई से पीछे नहीं हटेगा।

सुप्रीम कोर्ट तक मार्च की तैयारी

विपक्ष के मार्च से पहले राहुल गांधी ने करीब 40 मिनट तक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने दिल्ली में प्रदर्शनकारियों की आवाजाही पर कथित प्रतिबंधों को लेकर सवाल उठाए। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि दिल्ली को किले में तब्दील कर दिया गया है और लोगों को ट्रेनों तथा बसों के माध्यम से राजधानी पहुंचने से रोका जा रहा है।

कांग्रेस समेत INDIA ब्लॉक के कई विपक्षी दलों के नेता बाराखंभा रोड पर एकत्र हुए। यहां से सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालने की योजना बनाई गई। विपक्ष का कहना है कि वह चुनाव प्रक्रिया से जुड़ी कथित अनियमितताओं और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के मुद्दे को न्यायालय के सामने उठाना चाहता है।

मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग

विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने और चुनाव आयोग की भूमिका से जुड़े सवालों पर कार्रवाई की मांग कर रहा है। विपक्षी दलों ने मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है। राहुल गांधी ने इस पूरे घटनाक्रम को लोकतंत्र और संविधान की रक्षा से जुड़ा मुद्दा बताया है।

हालांकि, चुनाव प्रक्रिया में अनियमितताओं से संबंधित विपक्ष के आरोपों को आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए। इन दावों पर संबंधित संस्थाओं का पक्ष और न्यायालय में होने वाली सुनवाई महत्वपूर्ण होगी।

शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस पर साधा निशाना

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विपक्ष के विरोध प्रदर्शन पर पलटवार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी चुनावी हार के लिए संवैधानिक संस्थाओं को जिम्मेदार ठहराती है। चौहान के मुताबिक, कांग्रेस की राजनीतिक चुनौतियों का कारण चुनाव आयोग नहीं, बल्कि पार्टी का नेतृत्व है।

उन्होंने उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, पंजाब और कर्नाटक की राजनीतिक परिस्थितियों का हवाला देते हुए कांग्रेस पर अपनी आंतरिक समस्याओं का दोष संस्थाओं पर डालने का आरोप लगाया। इस बयान के बाद चुनाव आयोग की भूमिका और विपक्ष के आंदोलन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है।

जंतर-मंतर को लेकर नई व्यवस्था की चर्चा

दिल्ली में विरोध प्रदर्शनों के लिए निर्धारित स्थलों को लेकर भी बदलाव की जानकारी सामने आई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, केंद्र सरकार ने जंतर-मंतर को निर्धारित प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाने का फैसला किया है। गृह मंत्रालय की ओर से गठित समिति की सिफारिशों के आधार पर रामलीला मैदान, बुराड़ी ग्राउंड और पूर्वी दिल्ली के CBD ग्राउंड को प्रदर्शन स्थलों के रूप में निर्धारित किए जाने की बात कही गई है।

इस घटनाक्रम के बीच राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्ष का मार्च, मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की मांग और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े आरोप राष्ट्रीय राजनीति के केंद्र में हैं। अब सबकी नजर इस बात पर रहेगी कि INDIA ब्लॉक सुप्रीम कोर्ट में कौन-से मुद्दे उठाता है और आगे इस मामले में क्या घटनाक्रम सामने आता है।