धमतरी में AI आधारित निगरानी से मजबूत होगी सुरक्षा व्यवस्था, ट्रैफिक नियम तोड़ने पर ई-चालान से कार्रवाई
धमतरी शहर में सुरक्षा व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) विकसित किया जा रहा है। AI आधारित कैमरों से प्रमुख चौक-चौराहों की निगरानी की जाएगी और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर नियमानुसार ई-चालान की कार्रवाई की जा सकेगी। महापौर रामू रोहरा की पहल पर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के सहयोग से यह व्यवस्था विकसित की जा रही है।
UNITED NEWS OF ASIA. रिजवान मेमन, धमतरी l धमतरी शहर में नागरिकों की सुरक्षा मजबूत करने, यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने और सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के लिए आधुनिक तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। शहर में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) विकसित किया जा रहा है, जिसके माध्यम से प्रमुख चौक-चौराहों और महत्वपूर्ण स्थानों की निगरानी की जाएगी। प्रस्तावित व्यवस्था में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित कैमरों का उपयोग किया जाएगा। इसके जरिए यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों की पहचान कर नियमानुसार ई-चालान की कार्रवाई की जा सकेगी।
महापौर रामू रोहरा की पहल पर जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के सहयोग से इस व्यवस्था को विकसित किया जा रहा है। आगामी दिनों में नगर निगम क्षेत्र में इसके संचालन की तैयारी है। इसका उद्देश्य शहर में यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने के साथ नागरिकों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा उपलब्ध कराना है।
प्रस्तावित योजना के अंतर्गत अर्जुनी चौक, सिहावा चौक, मकई चौक, रत्नाबांधा चौक और अंबेडकर चौक सहित शहर के प्रमुख यातायात स्थलों पर आधुनिक कैमरे लगाए जाएंगे। इन कैमरों की मदद से यातायात नियमों के उल्लंघन की पहचान करने, प्रमुख मार्गों पर गतिविधियों की निगरानी रखने और आवश्यकतानुसार संबंधित विभागों को जानकारी उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। इसके साथ ही संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में भी यह प्रणाली उपयोगी साबित हो सकती है।
महापौर रामू रोहरा ने कहा कि धमतरी शहर को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाना नगर निगम की प्राथमिकता है। ICCC की स्थापना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। जिला और पुलिस प्रशासन के सहयोग से विकसित की जा रही यह व्यवस्था यातायात प्रबंधन को प्रभावी बनाने, नियमों के पालन को प्रोत्साहित करने और नागरिकों में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने में सहायक होगी। उनका कहना है कि शहरवासियों को सुरक्षित आवागमन का बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि आधुनिक तकनीक का उपयोग शहरी व्यवस्था को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। ICCC के माध्यम से प्रमुख चौराहों की निगरानी और यातायात प्रबंधन को सुदृढ़ किया जा सकेगा। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने, यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और शहर की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय से कार्य करेंगे।
पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय ने कहा कि यातायात नियमों का पालन सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और नागरिकों की जान सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक है। AI आधारित कैमरा प्रणाली से नियमों के उल्लंघन की पहचान और ई-चालान के माध्यम से नियमानुसार कार्रवाई में सहायता मिलेगी। इसका उद्देश्य केवल चालान करना नहीं, बल्कि वाहन चालकों को जिम्मेदार बनाना और सुरक्षित यातायात संस्कृति विकसित करना भी है।
धमतरी में ICCC का प्रभावी संचालन शहर की निगरानी व्यवस्था को तकनीक आधारित बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हो सकता है। इससे यातायात प्रबंधन, कानून-व्यवस्था और नागरिक सुरक्षा को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।