रायगढ़: परसा गांव में बनेंगे प्राथमिक और माध्यमिक शाला के नए भवन, डीएमएफ से 33.90 लाख रुपये स्वीकृत
रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ विकासखंड के ग्राम पंचायत बैरागी के आश्रित ग्राम परसा में प्राथमिक और माध्यमिक शाला के नए भवन बनाए जाएंगे। जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) से दोनों भवनों के निर्माण के लिए कुल 33.90 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समय-सीमा का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
UNITED NEWS OF ASIA. महेंद्र अग्रवाल, रायगढ़ l जिले के दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों में शिक्षा सुविधाओं के विस्तार की दिशा में जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। धरमजयगढ़ विकासखंड के ग्राम पंचायत बैरागी के आश्रित ग्राम परसा में प्राथमिक और माध्यमिक शाला के नए भवनों का निर्माण किया जाएगा। जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) से दोनों भवनों के निर्माण के लिए कुल 33 लाख 90 हजार रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। नए भवन बनने से गांव के बच्चों को पढ़ाई के लिए बेहतर और सुविधायुक्त शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में शिक्षा सहित बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के प्रयास किए जा रहे हैं। इसी दिशा में वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक ओ.पी. चौधरी की पहल पर जिले में विकास कार्यों के लिए डीएमएफ की राशि का उपयोग किया जा रहा है। परसा गांव में प्राथमिक और माध्यमिक शाला के नए भवनों का निर्माण भी इसी पहल का हिस्सा है। इसका उद्देश्य ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में बच्चों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
प्राथमिक शाला के लिए 14.30 लाख और माध्यमिक शाला के लिए 19.60 लाख रुपये स्वीकृत
परसा गांव में नवीन प्राथमिक शाला भवन के निर्माण के लिए 14 लाख 30 हजार रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। वहीं, नवीन माध्यमिक शाला भवन के निर्माण के लिए 19 लाख 60 हजार रुपये मंजूर किए गए हैं। दोनों निर्माण कार्यों को उच्च प्राथमिकता में रखा गया है। यह प्रशासकीय स्वीकृति डीएमएफ की शासी परिषद की 11 मई 2026 को आयोजित बैठक में लिए गए निर्णय के अनुरूप जारी की गई है।
निर्माण कार्यों की जिम्मेदारी जनपद पंचायत धरमजयगढ़ के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को सौंपी गई है। जिला खनिज संस्थान न्यास का उद्देश्य खनन प्रभावित क्षेत्रों में विकास कार्यों को बढ़ावा देना और स्थानीय लोगों को आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। परसा में स्कूल भवनों का निर्माण इसी उद्देश्य के अनुरूप किया जा रहा है। नए भवनों से विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए बेहतर स्थान मिलने के साथ ही गांव में शिक्षा के वातावरण को मजबूत करने में सहायता मिलेगी।
निर्माण की गुणवत्ता और समय-सीमा पर रहेगी नजर
जिला प्रशासन ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समय-सीमा के भीतर काम पूरा करने के निर्देश दिए हैं। पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए निर्माण कार्य शुरू होने से पहले, कार्य के दौरान और निर्माण पूरा होने के बाद स्थल के फोटो लेना अनिवार्य किया गया है। इसके अलावा, कार्यस्थल पर सूचना फलक लगाया जाएगा, जिसमें योजना का नाम, स्वीकृत राशि और निर्माण कार्य शुरू होने तथा पूरा होने की तिथि दर्ज रहेगी।
निर्माण एजेंसी को प्रत्येक महीने की 5 तारीख तक कार्य की प्रगति रिपोर्ट डीएमएफ को भेजनी होगी। साथ ही, दोनों भवनों का निर्माण स्वीकृत राशि के भीतर ही पूरा करना होगा। इन निर्देशों का उद्देश्य निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी, गुणवत्ता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है।
परसा गांव में प्राथमिक और माध्यमिक शाला के नए भवनों के निर्माण की स्वीकृति से स्थानीय स्तर पर शिक्षा सुविधाओं के विस्तार की उम्मीद है। अब निर्माण कार्यों को निर्धारित मानकों और समय-सीमा के अनुरूप पूरा करना महत्वपूर्ण होगा, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण का लाभ मिल सके।