मुंगेली: वनांचल क्षेत्र के जमुनाही गांव में हाथियों का उत्पात, घर क्षतिग्रस्त और मवेशियों की मौत

मुंगेली जिले के लोरमी वनांचल क्षेत्र के ग्राम जमुनाही में तड़के करीब 3 बजे हाथियों के झुंड ने उत्पात मचाया। हाथियों की आवाज सुनकर नीलकंठ यादव ने अपनी पत्नी और बच्चों के साथ घर छोड़कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचकर जान बचाई। इस दौरान हाथियों ने घर को क्षतिग्रस्त किया और खूंटे से बंधे मवेशियों को कुचलकर मार डाला। घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।

Oct 24, 2026 - 17:27
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मुंगेली: वनांचल क्षेत्र के जमुनाही गांव में हाथियों का उत्पात, घर क्षतिग्रस्त और मवेशियों की मौत

UNITED NEWS OF ASIA. राकेश भास्कर, मुंगेली l छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के वनांचल क्षेत्र ग्राम जमुनाही में तड़के सुबह हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया। हाथियों की चिंघाड़ सुनकर ग्रामीणों में दहशत फैल गई। इस दौरान हाथियों ने एक ग्रामीण के घर को क्षतिग्रस्त कर दिया और घर के पास खूंटे से बंधे मवेशियों को कुचलकर मार डाला। घटना के बाद से गांव में भय का माहौल बना हुआ है। ग्रामीण हाथियों की लगातार आवाजाही को लेकर चिंतित हैं।

जानकारी के अनुसार, घटना सुबह करीब 3 बजे की है। ग्राम जमुनाही निवासी नीलकंठ यादव अपने घर में परिवार के साथ थे। इसी दौरान उन्हें हाथियों के चिंघाड़ने की आवाज सुनाई दी। आवाज सुनकर उन्होंने घर से बाहर निकलकर टॉर्च की रोशनी में देखा तो हाथियों का झुंड उनके घर की ओर बढ़ रहा था। खतरे को भांपते हुए नीलकंठ यादव ने बिना देर किए अपनी पत्नी और बच्चों को साथ लिया और घर छोड़कर बस्ती की ओर भागे। उनकी सूझबूझ के चलते परिवार सुरक्षित स्थान पर पहुंच गया और उसकी जान बच गई।

बताया जा रहा है कि हाथियों के झुंड ने गांव में पहुंचकर घर के आसपास जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान हाथियों ने नीलकंठ यादव के घर को क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके अलावा घर के पास खूंटे से बंधे मवेशियों को भी कुचल दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। हाथियों के इस हमले से ग्रामीण को नुकसान उठाना पड़ा है। हालांकि, मकान को हुए नुकसान और मवेशियों की मौत से संबंधित विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।

घटना के बाद ग्राम जमुनाही के ग्रामीणों में भय का माहौल है। तड़के सुबह हाथियों के गांव तक पहुंचने से लोगों की चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों को आशंका है कि हाथियों का झुंड दोबारा बस्ती की ओर आ सकता है। ऐसे में रात के समय घरों से बाहर निकलने और मवेशियों को सुरक्षित रखने को लेकर भी परेशानी बनी हुई है।

वनांचल क्षेत्र में हाथियों की आवाजाही ग्रामीणों के लिए चुनौती बनी हुई है। हाथियों के गांव में प्रवेश करने और घरों को नुकसान पहुंचाने जैसी घटनाओं से लोगों की सुरक्षा के साथ-साथ उनकी संपत्ति और मवेशियों पर भी खतरा पैदा होता है। जमुनाही की घटना में नीलकंठ यादव ने समय रहते स्थिति को समझा और परिवार को सुरक्षित स्थान पर ले जाकर बड़ा खतरा टाल दिया।

फिलहाल, घटना से प्रभावित परिवार और ग्रामीणों के सामने नुकसान तथा सुरक्षा की चिंता बनी हुई है। हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने और ग्रामीणों को सतर्क रहने की जरूरत है। वन विभाग की ओर से इस घटना के संबंध में किसी कार्रवाई या मुआवजे की जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई है।