
एमपी चुनाव 2023 समाचार: मध्य प्रदेश (मध्य प्रदेश) की पिछली दस सीटों (गुना लोकसभा सीट) पर टिकट के लिए घमासान बढ़ता जा रहा है। यहां पर 2024 के चुनाव में टिकट के लिए बीजेपी (बीजेपी) की ओर से वर्तमान सांसद के पी यादव (केपी यादव) और उनसे चुनाव हारने वाले (ग्वालियर) के महाराज सत्यरादित्य सिंधिया (ज्योतिरादित्य सिंधिया) आमने- मुलाकात की।
दोनों के बीच तल्खी भी बढ़ती जा रही है। सांसद के पी यादव जहां ज्योतिरादित्य सिंधिया को एक बार फिर मैदान में आने की चुनौती दे रहे हैं। वहीं मध्य प्रदेश लघु उद्योग निगम की अध्यक्ष इमरती देवी (इमरती देवी) ने दावा किया कि उन्हें (केपी यादव) को इस बार टिकट नहीं मिलेगा। बीजेपी के अंदर के इस झंझट पर कांग्रेस भी जोरदार चुटकी ले रही है।
यहां चुने गए कि मध्य प्रदेश लघु उद्योग निगम की अध्यक्ष इमरती देवी केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थक हैं। उन्होंने पूछताछ में केपी यादव से संबंध के रूप में मशविरा दिया कि वे सीट सिंधिया के लिए खाली कर दें। जब उनसे पूछा गया कि केपी यादव तो सिंधिया को एक बार फिर मैदान में उतरने की चुनौती दे रहे हैं, तो उन्होंने कहा कि उन्हें (केपी यादव) को टिकट ही नहीं मिलेगा। 22 मई को शिवपुरी में एक सामाजिक सभा को संदेश देते हुए सिंधिया ने हाथ जोड़कर कहा कि, ‘पूर्व में जो भी गलतियां हुई हैं, उनके लिए मैं मजाक मांगता हूं। कृपया मुझे क्षमा करें।’
व्यक्तिगत मतभेदों को दूर रखने की जरूरत है- केपी यादव
सिंधिया की बैठक में सांसद के पी यादव को न बुलाये जाने पर, के पी यादव ने बुधवार (24 मई) को भोपाल में कहा कि व्यक्तिगत मतभेदों को दूर रखने की जरूरत है और उन्हें आमंत्रित किया जाना था। वह क्षेत्र के निर्वाचित प्रतिनिधि हैं। यादव ने कहा, इन चीजों से समाज में गलत संदेश जाता है। हमें एकता होने की आवश्यकता है। घटनाएँ से निराश हूँ।
बीजेपी ना हुई, फ्री स्टाइल कुश्ती का अखाड़ा हो गया- पीयूष बबेले
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के मीडिया सलाहकार पीयूष बबेले ने तंज कसते हुए कहा कि बीजेपी सांसद के पी यादव ने सांसद सिंधिया को सड़क पर छेद करने वाला कहा। अब इमरती देवी घोषणा कर रही हैं कि सिंधिया चुनाव लड़ेंगे और यादव को टिकट नहीं मिलेगा। फ्री स्टाइल रेस्लिंग का अखाड़ा हो गया है। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी वाले आप में इतने लड़ेंगे कि चुनाव में लड़ने के लिए उनका मुंह ही नहीं बचेगा।
ये भी पढ़ें: एमपी पॉलिटिक्स: मध्य प्रदेश विधानसभा चुनावों से पहले शिवराज सरकार के लिए बारिश बन सकती है चुनौती, जानें कैसे?



- लेटेस्ट न्यूज़ पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें
- विडियो ख़बरें देखने के लिए यहाँ क्लिक करें
- डार्क सीक्रेट्स की ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें
- UNA विश्लेषण की ख़बरें पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें