लेटेस्ट न्यूज़

2024 चुनाव: दिल्ली में बीजेपी से सीधी प्रतिस्पर्धा करने की तैयारी में AAP, इस योजना के तहत बढ़ोतरी हो रही है आगे

अरविंद केजरीवाल

एएनआई

पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने यह भी बताया कि आम आदमी पार्टी के दिल्ली के नेताओं की ओर से अब राष्ट्रीय मुद्दों को उठाया जाएगा। विशेष रूप से सुरक्षा, रोजगार और विदेश नीति इसमें शामिल हैं।

अरविंद केजरीवाल की पार्टी आम आदमी पार्टी अब 2024 के 20 अक्टूबर को चुनाव की तैयारी में जुट गई है। इसे लेकर पार्टी के नेता अपने तैयारों को अंतिम रूप दे रहे हैं। पार्टी सूत्रों ने बताया है कि आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय परिषद की बैठक के में 2024 चुनाव को लेकर नेताओं ने अपनी अलग रणनीति पेश की है। इस रणनीति के तहत अब आम आदमी पार्टी के नेता राष्ट्रीय मुद्दों पर काफी आक्रमक जीतेंगे और बीजेपी पर सवाल उठाएंगे। दरअसल, आम आदमी पार्टी का मुख्य मकसद 2024 में दिल्ली में बीजेपी और आपके बीच मुकाबला करना है। आम आदमी पार्टी अब सीधे तौर पर बीजेपी को चुनौती देने की कोशिश कर रही है। ऐसे में कांग्रेस के लिए कहीं ना कहीं डैमेज की स्थिति जरूर होगी। दिल्ली में 2019 के लोकसभा चुनाव में देखें तो त्रिकोणीय मुकाबला हुआ था। लेकिन इस बार आम आदमी पार्टी का जोर भाजपा बनाम आप पर है और पार्टी की ओर से इसकी तैयारी शुरू हो चुकी है।

पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने यह भी बताया कि आम आदमी पार्टी के दिल्ली के नेताओं की ओर से अब राष्ट्रीय मुद्दों को उठाया जाएगा। विशेष रूप से सुरक्षा, रोजगार और विदेश नीति इसमें शामिल हैं। आम आदमी पार्टी के नेता इन मुद्दों पर मुखर होंगे और इसे राष्ट्रीय माइली बनाने की कोशिश करेंगे। पार्टी भाजपा आक्रामक होकर यह जताने की कोशिश कर रही है कि हम ही मुख्य विपक्षी दल हैं और फिर आप बनाम भाजपा आसानी से चुनाव जीत सकते हैं। दिल्ली में आप बनाम बीजेपी होने के साथ ही कांग्रेस जीत जाएगी और ऐसे में आम आदमी पार्टी को फायदा हो सकता है। आम आदमी पार्टी को इस बात की उम्मीद है कि दिल्ली में जो कांग्रेस का वोट है, वह उसकी तरफ शिफ्ट हो सकता है। बताया जा रहा है कि आम आदमी पार्टी की बैठक में देश की सुरक्षा, नियत को नियंत्रित करने और रोजगार नीति तैयार करने के प्रस्ताव को भी पारित किया गया है।

इसका मतलब साफ है कि आम आदमी पार्टी वाले दिनों में सुरक्षा, नौकरियों और नौकरियों को बड़ा नाम दे रहा है और इन मुद्दों पर केंद्र की मोदी सरकार की मांग कर रहे हैं। लोकसभा चुनाव की बात करें तो 2014 और 2019 में बीजेपी ने दिल्ली के सभी सातों राज्यों पर अपना कब्जा जमाया था। भाजपा के पक्ष में करीब 56% वोट पड़े जबकि कांग्रेस दूसरे स्थान पर 22.5% वोट के साथ रही। वहीं, विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी के पक्ष में 50% से ज्यादा वोट हो जाते हैं। यही वजह है कि आम आदमी पार्टी अब लोकसभा चुनाव को लेकर भी अपनी रणनीति बनाने लगी है। इसके अलावा आम आदमी पार्टी की नजर हिंदी भाषा क्षेत्रों में भी है। माना जा रहा है कि आम आदमी पार्टी दिल्ली के अलावा कुछ और राज्यों में चुनाव लड़ सकती है। आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय कमिशन अरविंद केजरीवाल ने पार्टी के नेताओं को अन्य राज्यों में भी दिल्ली मॉडल के लिए पिच तैयार करने को कहा है ताकि वहां चुनाव प्रचार के दौरान इसका उल्लेख किया जा सके।

Show More

Saurabh Namdev

| PR Creative & Writer | Ex. Technical Consultant Govt of CG | Influencer | Web developer
Back to top button
<p>You cannot copy content of this page</p>